राजस्थान के दौसा में बच्ची से दुष्कर्म मामले में आरोपी उपनिरीक्षक बर्खास्त

दौसा/राजस्थान। राजस्थान के दौसा जिले में एक बच्ची से कथित दुष्कर्म के मामले में आरोपी पुलिस उपनिरीक्षक को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसे सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी। राज्य के पुलिस महानिदेशक उमेश मिश्रा ने एक बयान में कहा कि दुष्कर्म की घटना की जानकारी मिलने पर शुक्रवार को ही आरोपी पुलिसकर्मी को सेवा से बर्खास्त करने के निर्देश दिए गए थे। इसके अनुसार, जयपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक उमेश दत्ता ने शनिवार को बर्खास्तगी का आदेश जारी किया। मामला सामने आने पर मुख्य विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी ने राज्य सरकार पर निशाना साधा। वहीं, राज्यपाल कलराज मिश्र ने पुलिस को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। दौसा की पुलिस अधीक्षक वंदिता राणा ने बताया, ‘‘आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रैंक के अधिकारी कर रहे हैं।
पीड़ित लड़की का बयान दर्ज कर लिया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।’’ उन्होंने कहा कि आरोपी उपनिरीक्षक को कल ही निलंबित कर दिया गया था। पुलिस ने बताया कि पीड़िता की मेडिकल जांच कराई गई है और उसकी हालत स्थिर है। पुलिस के मुताबिक लालसोट क्षेत्र में आरोपी उपनिरीक्षक भूपेन्द्र सिंह शुक्रवार दोपहर करीब चार वर्षीय पीड़िता को बहला-फुसलाकर अपने कमरे में ले गया और उसने उसके साथ कथित तौर पर दुष्कर्म किया। पुलिस के अनुसार, पीड़िता के माता-पिता की शिकायत के बाद आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता, पॉक्सो अधिनियम और अजा/जजा अधिनियम की सम्बद्ध धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है तथा मामले की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रैंक के अधिकारी को सौंपी गई है। घटना के बाद बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने सम्बद्ध थाने का घेराव कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की थी।
स्थानीय लोगों द्वारा आरोपी उपनिरीक्षक की पिटाई का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। भाजपा सांसद किरोड़ी लाल मीणा भी कल पीड़िता के लिए न्याय की मांग करते हुए घटनास्थल पर गए थे। विपक्षी दल भाजपा के नेताओं ने राज्य में कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर एक बार फिर कांग्रेस पर निशाना साधा है। शनिवार को एक संवाददाता सम्मेलन में भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने आरोप लगाया कि राजस्‍थान में ‘‘दुष्कर्मियों का हौसला बुलंद है।’’ पूनावाला ने आरोप लगाया कि दौसा के प्रकरण में भी विरोध प्रदर्शन के बाद ही मामला दर्ज किया गया। राज्यपाल मिश्र ने पुलिस महानिदेशक मिश्रा से फोन पर बात की और मामले में दोषी के खिलाफ त्वरित और सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं पूरे समाज को शर्मसार करती हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button