वैष्णो देवी से लौटे श्रद्धालुओं की बस में दौड़ा 11 हजार वोल्ट का करेंट, सामान उतार रहे शख्स की मौत, 3 घायल
11 thousand volt current ran in the bus of devotees returning from Vaishno Devi, a person unloading luggage died, 3 injured

हाथरस/उत्तर प्रदेश। हाथरस जिले में वैष्णो देवी से लौटी श्रद्धालुओं से भरी खड़ी बस में हाइटेंशन विद्युत लाइन से टकराई जिसके बाद बस में करंट उतर गया। बस में सवार करीब 20 श्रद्धालु विद्युत करंट की चपेट में आ गए। इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई। जबकि दो श्रद्धालु गंभीर रूप से घायल हैं। जिन्हें इलाज के लिए आगरा ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया। मृतक की पहचान कजरौठी निवासी संजय कुमार उम्र 40 वर्षीय के रूप में हई है।
वही हादसे को लेकर प्रत्यक्षदर्शी ने जानकारी देते हुए बताया कि वैष्णो देवी से लौटने के बाद बस जैसे ही सादाबाद में स्थित प्राइवेट बस स्टेंड पर खड़ी हुई,तीन यात्री बस के ऊपर सामान उतारने के लिए चढ़े। तभी ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गए। संजय कुमार कुमार का हाथ विद्युत लाइन से टच हो गया। उसे करंट लगते ही पुरे बस में करंट उतर गया। उसके साथ चढ़े दो लोग भी करंट से गंभीर रूप से झुलस गए।
हादसे को देख मौके पर चीख पुकार मच गई। संजय के गिरते ही करंट का असर खत्म हुआ। बस से सभी यात्री किसी तरह बाहर निकले। पुलिस को सूचना दी गई। डाघायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टर ने संजय को मृत घोषित कर दिया। दो लोगों की स्थिति गंभीर देख आगार रेफर कर दिया।
आपको बता दे कि हादसा हाथरस जिले की कोतवाली सादाबाद क्षेत्र के प्राइवेट बस स्टैंड का है। जहां आज दोपहर एक प्राइवेट बस में हादसा हो गया।बस हाइटेंशन विद्युत लाइन से टच हो गई। हादसे में एक श्रद्धालु की मौत हो गई।बस में सवार यात्री ने बताया कि बस में कुल 65-70 यात्री सवार थे। यह बस करीब 8 दिन पहले सादाबाद, कजारौठी, बिसावर, मई, एत्मादपुर और आसपास के गांवों से श्रद्धालुओं को लेकर वैष्णो देवी और अन्य धार्मिक स्थलों के दर्शन के लिए गई थी और आज ही वापस लौट कर आई थी तभी यह हादसा हो गया।
हादसे की सूचना मिलते ही एसपी हाथरस चिरंचीवी नाथ सिन्हा और प्रशासनिक अधिकारी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। बचाव कार्य शुरू कर दिया।मामूली रूप से झुलसे श्रद्धालुओं का सीएचसी सादाबाद में उपचार के लिए भर्ती कराया गया। जनप्रतिनिधियों ने सादाबाद सीएचसी पहुंचकर घायलों का हाल-चाल जाना। उन्होंने मृतक के परिजनों और घायलों को सरकारी मदद दिलाने का आश्वासन दिया है।




