मथुरा में दो माह से तहसील में सड़ रही बाढ़ पीड़ितों के लिए भेजी गई राहत सामग्री

मथुरा/उत्तर प्रदेश। सरकारी मदद कैसे जरूरतमंदों तक नहीं पहुंच पाती इसकी एक बानगी मथुरा में देखने को मिली है। दरअसल, दो माह पहले बाढ़ की स्थिति के दौरान बाढ़ प्रभावितों की मदद के लिए सरकार ने राहत सामग्री के पैकेट भेजे गए थे। पैकेट गरीबों के पेट तक पहुंचने के बजाय सदर तहसील की हवालात में ताले में बंद पड़े हैं। इसके साथ ही महिलाओं के लिए भेजे गए सरकारी मदद के पैकेट, जिसमें उनके लिए जरूरी सामान था, वह भी जरूरतमंदों तक नहीं पहुंचा। हालांकि, अफसरों के आंकड़ों की बात करें तो जितने राहत सामग्री के पैकेट आए थे, वह राहत कैंप और बाढ़ प्रभावितों को वितरित कर दिए जाने का दावा किया जा रहा है।
मामला मथुरा की सदर तहसील से जुड़ा हुआ है। शुक्रवार को सदर तहसील की बंद पड़ी हवालात पर नजर गई तो उसमें सलाखों के पीछे सीएम योगी और पीएम मोदी के फोटो छपे हुए कुछ कार्टन दिखाई दिए। पास जाकर देखा गया तो ये बाढ़ राहत सामग्री के पैकेट थे, जो जुलाई माह में यमुना में जलस्तर बढ़ने से आई बाढ़ के प्रभावित लोगों को मदद करने के लिए सरकार की ओर से भेजे गए थे।
बता दें कि सरकार को ओर से बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए राहत सामग्री के एक पैकेट में 5 किलो लाई, 2 किलोग्राम भुना चना, 1 किग्रा गुड़, 10 पैकेट बिस्किट, 1 पैकिट मचिक का पैकेट, 1 पैकेट मोमबत्ती का पैकेट, 2 नहाने के साबुन, 20 ली. जरीकेन, 12×10 का एक तिरपाल में दिया गया, जबकि दूसरे में 10 किग्रा आटा, 10 किग्रा चावल, 2 किग्रा अरहर की दाल, 10 किग्रा आलू, 1 ली. सरसों का तेल, नमक 1 किग्रा और हल्दी,लाल मिर्च और सब्जी मसाला के पैकेट थे। वहीं, महिलाओं के लिए भी एक किट बनाकर अलग से भेजी गई थी, जिसमें महिलाओं की जरूरत का सामान जैसे सेनेटरी पैड, साबुन, मग आदि सामान था।
तहसील स्टाफ से ही पता करने पर यह जानकारी हुई कि बाढ़ के दौरान सदर तहसील क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों पर कुल 11 राहत कैम्प लगाए गए, जिसमें करीब 3300 बाढ़ प्रभावितों को रखा गया था। वहीं, सरकारी मदद के इन पैकेट के वितरण की जानकारी के लिए जब ज्वाइंट मजिस्ट्रेट/एसडीएम सदर अजय जैन से जानकारी मांगी तो उन्होंने इसकी जिम्मेदारी संभाल रहे संजय नाम के कर्मचारी से मिलने को कहा। संजय के किसी वीआईपी ड्यूटी पर होने के चलते उनसे फोन पर बात की गई तो उन्होंने बताया कि बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए सदर तहसील क्षेत्र में 700 बाढ़ राहत सामग्री के पैकेट आए थे और महिलाओं के लिए 500 किट आई थीं और सभी का वितरण किया जा चुका है।




