पटवारी ने 5000 रुपये के लिए बेच दिया ईमान, रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार

हिसार/हरियाणा। हिसार जिले के हांसी में विजिलेंस विभाग ने मंगलवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए पटवारी अजीत को 5,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई भाटला गांव के एक किसान की शिकायत पर की गई, जिसने नक्शा और बदर बनवाने के लिए पटवारी से संपर्क किया था। किसान ने बताया कि पटवारी ने कुल 9,500 रुपये की रिश्वत मांगी थी, जिसमें से वह पहले ही 4,500 रुपये दे चुका था। शेष 5,000 रुपये की राशि लेते समय विजिलेंस टीम ने मौके पर छापा मारा और आरोपी पटवारी को रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
सूत्रों के अनुसार, पटवारी अजीत ने गोविंद नामक व्यक्ति को अपना सहयोगी बना रखा था, जिसने किसान से यह 5,000 की रिश्वत ली थी। विजिलेंस टीम ने पूर्व योजना के तहत गोविंद के माध्यम से रिश्वत की रकम दिलवाई। जैसे ही गोविंद ने पैसे लिए, रासायनिक जांच में उसके हाथ रंगीन हो गए, जिसके बाद टीम ने पटवारी अजीत और उसके सहयोगी गोविंद दोनों को हिरासत में ले लिया।
इस कार्रवाई के दौरान हांसी के एसडीएम राजेश खोथ को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था और वे पूरी प्रक्रिया के समय मौके पर मौजूद रहे। विजिलेंस टीम ने घटनास्थल से आवश्यक सबूत जुटाए हैं। विजिलेंस अधिकारियों के अनुसार, मामले की विस्तृत जांच जारी है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ ऐसी कार्रवाई भविष्य में भी लगातार जारी रहेगी। अधिकारियों का कहना है कि कई बार किसान और आम नागरिक मजबूरी में रिश्वत देने को विवश हो जाते हैं, इसलिए ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई बेहद जरूरी है। ग्रामीणों ने भी विजिलेंस की तत्परता की सराहना करते हुए उम्मीद जताई है कि ऐसी कार्रवाइयों से सरकारी दफ्तरों में पारदर्शिता बढ़ेगी और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा।




