आईपीएस अभिषेक पल्लव को बर्खास्त करने की मांग,कवर्धा हिंसा को लेकर साहू समाज की चेतावनी
Demand to dismiss IPS Abhishek Pallav, warning of Sahu community regarding Kawardha violence

कवर्धा/छत्तीसगढ़। कवर्धा हिंसा मामले में सरकार ने साहू समाज की मांग पर कार्रवाई की है। साथ ही कवर्धा हिंसा के पीड़ितों को 10-10 लाख रुपए का मुआवजा भी दिया है। हिंसा के शिकार साहू समाज के लोग हुए हैं। साथ कवर्धा गृह मंत्री विजय शर्मा का गृह जिला भी है। साहू समाज के लोगों का आरोप है कि प्रशांत साहू की मौत पुलिस पिटाई से हुई है। सरकार ने समाज के बढ़ते विरोध को देखते हुए मामले में न्यायिक जांच के आदेश दिए हैं। अब साहू समाज के लोगों ने आईपीएस अभिषेक पल्लव को बर्खास्त करने की मांग की है।
साहू समाज के लोग कवर्धा की घटना को लेकर एग्रेसिव हैं। सरकारी कार्रवाई से समाज के लोग संतुष्ट नहीं है। साथ ही तत्कालीन कवर्धा एसएसपी अभिषेक पल्लव पर बड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। छत्तीसगढ़ में साहू समाज के प्रदेश अध्यक्ष टहल साहू ने आईपीएस अफसर अभिषेक पल्लव पर एफआईआर दर्ज करने की मांग सरकार से की है। साथ ही उन्हें नौकरी से बर्खास्त करने की मांग की है। वहीं, कवर्धा हिंसा के बाद अभिषेक पल्लव को पुलिस मुख्यालय से अटैच कर दिया है। साथ ही कुछ स्थानीय अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। लेकिन अभिषेक पल्लव के खिलाफ कार्रवाई की मांग सरकार को असहज कर सकती है। अभी साहू समाज के गुस्से को शांत करना है। इस समाज के लोग हिंसा को लेकर लगातार आवाज उठा रहे हैं।
इसके साथ ही साहू समाज के लोग पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने की मांग करे रहे हैं। उनका कहना है कि मृतक के परिवार वालों को एक-एक करोड़ रुपए का मुआवजा दिया जाए। वहीं, साहू समाज ने छत्तीसगढ़ सरकार को एक सप्ताह का अल्टीमेटम दिया है। साहू समाज ने कहा है कि एक सप्ताह के अंदर अगर सरकार कार्रवाई नहीं करती है तो हम आंदोलन को तेज करेंगे। ऐसे में अटकलें हैं कि सरकार अब कुछ बड़ा निर्णय ले सकती है।




