पत्नी के देहांत के 40 मिनट बाद बुजुर्ग ने त्यागे प्राण, पोती ने दी थी दादी की खबर
बल्लभगढ़। गाजे बाजे के साथ 70 साल पहले दंपति बुजुर्ग ने नए जीवन की शुरुआत की थी। अब उसी शान से बुजुर्ग दंपती एक साथ इस दुनिया से सफेद चादर में लिपट कर चले गए। 90 वर्षीय भगवती देवी की मौत की खबर सुनने के 40 मिनट के बाद 90 वर्षीय चंदी राम ने भी प्राण त्याग दिए। दोनों की शव यात्रा गांव फतेहपुर बिल्लौच में गाजे बाजे के साथ गांव में निकाली गई। यही नहीं, परिजनों ने एक ही चिता पर दोनों का दाह संस्कार किया।
गांव फतेहपुर बिल्लौच निवासी चंदीराम शर्मा ने करीब 70 साल पहले भगवती देवी से शादी की थी। चंदीराम गांव कौराली स्थित सीनियर सेकेंडरी स्कूल से अध्यापक के पद से रिटायर्ड हुए थे। उनकी पत्नी भगवती देवी का कुछ महीने पहले हादसे में कूल्हा टूट गया था। इसके चलते वह चारपाई पर थीं। उनके बेटे विवेक रतन गौड़ ऊंचा गांव स्थित सीनियर सेकेंडरी स्कूल में अध्यापक हैं। उनकी चार बेटियां दयावती, मधुबाला, संतोष कुमार व गीता देवी हैं। विवेक रतन ने बताया कि दो दिसंबर की शाम को बीमारी के चलते उनकी मां भगवती देवी का देहांत हो गया।
पोती इंदू शर्मा सीटेट की परीक्षा देने के लिए मायके आई हुई थीं। उन्होंने ही दादी के मरने की खबर दादा को दी। यह सुनने के बाद दादा की दिल की धड़कन बढ़ने लगी। करीब 40 मिनट के बाद दादा ने भी प्राण त्याग दिए। दंपती की मौत की खबर सुनते ही सभी दंग रह गए।
दंपति की बड़ी धूमधाम से गाजे बाजे के साथ शव यात्रा निकाली गई। जहां से होकर यह शव यात्रा निकली वहां लोग उन्हें हाथ जोड़कर नमन करते हुए नजर आए। गांव के श्मशान घाट में दोनों का एक चिता पर दाह संस्कार किया गया।
बेटे रतन ने बताया कि दादा चंदी राम उनसे हमेशा कहते थे कि वह दादी भगवती देवी के साथ ही संसार को छोड़कर जाएंगे। उस समय सभी बच्चे हंसते थे, लेकिन वह बात आज सच हो गई तो सभी खासे अचरज में हैं।




