उत्तर-पूर्वी दिल्ली के नंद नगरी इलाके में मॉब लिंचिंग,चोरी के संदेह में युवक को खंभे से बांधकर पीटा,हुई मौत

राजीव कुमार गौड़/दिल्ली ब्यूरो। उत्तर-पूर्वी देश की राजधानी दिल्ली में मॉब लिंचिंग का रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला सामने आया है। उत्तर पूर्वी दिल्ली के सुंदर नगरी इलाके में चोरी के संदेह में कुछ लोगों ने एक युवक की कथित तौर पर खंभे से बांधकर पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि घटना मंगलवार सुबह इलाके के जी-4 ब्लॉक में हुई। पुलिस उपायुक्त (उत्तर पूर्वी) जॉय टिर्की ने बताया कि सुंदर नगरी निवासी फल विक्रेता अब्दुल वाजिद (60) ने शिकायत दर्ज कराई कि चोरी के संदेह में कुछ लोगों की ओर से पिटाई किए जाने के बाद उनके बेटे इसार (26) की मौत हो गई।
उपायुक्त ने सूत्रों के हवाले से बताया कि मंगलवार शाम जब वह अपने घर पहुंचे तो उन्होंने देखा कि उनका बेटा बाहर पड़ा दर्द से कराह रहा है और उसके पूरे शरीर पर चोट के निशान थे। टिर्की के अनुसार इसार ने अपने पिता को बताया कि सुबह लगभग पांच बजे कुछ युवकों ने जी-4 ब्लॉक के निकट उसे पकड़ लिया और उस पर चोरी का आरोप लगाया।
लाठियों से उतारा मौत के घाट
टिर्की ने वाजिद के हवाले से बताया कि इसके बाद उन्होंने इसार को एक खंभे से बांध दिया और लाठियों से उसकी पिटाई की। उन्होंने बताया कि हमलावर जी-4 ब्लॉक के निकट रहते थे। उन्होंने कहा कि इसार का पड़ोसी आमिर उसे रिक्शे में घर ले आया और शाम लगभग 7 बजे उसने दम तोड़ दिया। उपायुक्त ने कहा कि वाजिद ने पुलिस को सूचित किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए जीटीबी अस्पताल ले जाया गया।
मानसिक रूप से पीड़ित था युवक
पुलिस ने प्रारंभिक जांच के आधार पर बताया कि पीड़ित मानसिक रूप से अस्वस्थ था। उसने बताया कि अपराधियों ने उसे बिजली के खंभे से बांध दिया और उसके साथ मारपीट की क्योंकि वह उनके सवालों का संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। पुलिस ने बताया कि इस सिलसिले में मामला दर्ज कर लिया गया है और इसार पर हमला करने वाले लोगों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
घटना को सांप्रदायिक रंग देने का प्रयास
जैसे ही इसार की मौत का लोगों को पता एरिया में लोगों की भीड़ जुट गई। कुछ शरारती तत्वों ने घटना को सांप्रदायिक रंग देने का प्रयास किया। इन लोगों का आरोप था कि इसार के विशेष समुदाय का होने की वजह से उसको बांधकर पीटा गया। इसार इन लड़कों से रहम की भीख मांगता रहा। लेकिन उसकी एक न सुनी गई। वहीं जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि महज चोरी के शक में युवक को पकड़ा गया। बाद में उसकी पिटाई की गई। फिलहाल घटना में सांप्रदायिक एंगल सामने नहीं आया है। इस बात का भी पता किया जा रहा है कि इतनी सुबह युवक क्या करने घर से निकाला था। युवक का पुराना रिकॉर्ड भी खंगाला जा रहा है।
चार बहनों का इकलौता भाई था इसार
मो. इशाक उर्फ इसार चार बहनों का इकलौता भाई था। उसकी मौत के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। एक परिजन ने बताया कि इसार बहुत ही सीधा और भोला था। उसे गुटका खाने के अलावा किसी भी तरह के नशे की लत नहीं थी। उसे जो छोटा-मोटा काम मिलता था वह कर लिया करता था। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद परिवार ने इसार के शव को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया।




