बरेली में दरोगा पर महिला से दुष्कर्म, धोखाधड़ी और जबरन गर्भपात का आरोप, एसएसपी ने किया सस्पेंड
महिला उत्पीड़न की शिकायत लेकर थाने पहुंची एक पीड़िता ने उसी थाने में तैनात दरोगा पर भरोसा तोड़ने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता का कहना है कि दरोगा ने विवाह के वादे का सहारा लेकर उसका विश्वास जीता। बाद में उससे संबंध बनाकर मुकर गया।

बरेली/उत्तर प्रदेश। जनपद के थाना बारादरी क्षेत्र में तैनात एक दरोगा पर महिला ने गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता का आरोप है कि पति की शिकायत लेकर थाने पहुंची महिला से दरोगा ने पहले सहानुभूति जताई, फिर शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए, आर्थिक शोषण किया और जबरन गर्भपात भी कराया। मामले की शिकायत पर एसएसपी ने आरोपी दरोगा को सस्पेंड कर जांच के आदेश दे दिए हैं। जानकारी के अनुसार, बारादरी क्षेत्र की नई बस्ती माधोबाड़ी निवासी महिला का वर्ष 2022 से अपने पति से विवाद चल रहा है और वह अलग रह रही है। वर्ष 2025 में वह पति और ससुराल पक्ष के खिलाफ शिकायत लेकर बारादरी थाने पहुंची थी। वहीं उसकी मुलाकात एक उपनिरीक्षक (दरोगा) से हुई।
महिला का आरोप है कि दरोगा ने उसकी परेशानी सुनने के बाद मदद का भरोसा दिलाया और कहा कि उसके पुलिस विभाग में अच्छे संबंध हैं तथा वह उसकी नौकरी लगवा सकता है। साथ ही उसने अपनी पत्नी को तलाक देकर उससे शादी करने का वादा भी किया। इन बातों पर विश्वास कर महिला उसके संपर्क में आ गई।
पीड़िता के अनुसार, दरोगा उसके घर आने-जाने लगा और बाद में कई बार उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। महिला का कहना है कि वह शादी की उम्मीद में उसके साथ जुड़ी रही। करवा चौथ 2025 के बाद आरोपी उसके घर पर रहने भी लगा।
महिला ने आरोप लगाया है कि फरवरी 2026 में दरोगा ने अपने बेटे की शादी का हवाला देकर उससे करीब आठ लाख रुपये मूल्य के सोने के जेवर ले लिए। जब उसने जेवर वापस मांगे तो आरोपी टालमटोल करने लगा और विरोध करने पर धमकी दी। पीड़िता ने अपनी शिकायत में यह भी आरोप लगाया कि गर्भवती होने की जानकारी मिलने पर 12 मई 2026 को दरोगा ने उसे जबरन गर्भपात की दवा खिला दी, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई और उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।
इसके अलावा 23 मई 2026 को आरोपी दरोगा अपनी पत्नी और बेटों के साथ महिला के घर पहुंचा, जहां गाली-गलौज और मारपीट की गई। महिला ने डायल-112 पर सूचना दी, लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले आरोपी जान से मारने की धमकी देकर फरार हो गए।
पीड़िता का कहना है कि आरोपी लगातार पुलिस विभाग में अपनी पकड़ का हवाला देकर उसे डराता-धमकाता रहा, जिससे वह लंबे समय तक शिकायत दर्ज कराने की हिम्मत नहीं जुटा सकी।
आखिरकार महिला ने एसएसपी कार्यालय पहुंचकर शिकायती पत्र दिया और आरोपी दरोगा, उसकी पत्नी व बेटों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर निष्पक्ष जांच की मांग की। महिला ने अपने साथ विश्वासघात, शारीरिक शोषण, आर्थिक धोखाधड़ी और मारपीट होने का आरोप लगाया है। एसएसपी अनुराग आर्य ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू करा दी है। उन्होंने कहा कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल आरोपी दरोगा नरेश बाबू को निलंबित कर दिया गया है।




