पूर्वी दिल्ली में 1.10 करोड़ की ड्रग बरामद, दो अफ्रीकी नागरिकों सहित चार तस्कर गिरफ्तार

पुष्कर अधिकारी/पूर्वी दिल्ली। पूर्वी दिल्ली में एंटी नारकोटिक्स स्क्वाड ने अफ्रीकी नागरिकों के साथ मिलकर राजधानी में ड्रग का कारोबार करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। यह गिरोह पिछले एक साल से सक्रिय था। पुलिस ने इस मामले में दो अफ्रीकी नागरिकों सहित चार तस्करों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अफ्रीकी नागरिक आस्कर, उसके साथी बेमाह, गीता कॉलोनी निवासी मोहम्मद हसन और मंडावली निवासी रजिया के रूप में हुई है।
पुलिस ने इनके पास से 120.18 ग्राम कोकीन, 15.71 ग्राम एमडीएमए, इलेक्ट्रॉनिक पैकिंग मशीन, डिजिटल तराजू, छह मोबाइल फोन, दो पासपोर्ट और चोरी की स्कूटी बरामद की है। बरामद ड्रग की कीमत लगभग 1.10 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त राजीव कुमार रावल ने बताया कि नशा मुक्ति अभियान के तहत कार्रवाई की जा रही है। 25 मार्च को सूचना मिलने पर प्रीत विहार की झुग्गियों के पास मोहम्मद हसन को 7.58 ग्राम एमडीएमए के साथ गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में उसने बताया कि वह श्रीनिवासपुरी से एक अफ्रीकी नागरिक से ड्रग खरीदता है। इसके बाद 28 मार्च को पुलिस ने श्रीनिवासपुरी से आस्कर को गिरफ्तार किया, जिसके पास से 4.43 ग्राम एमडीएमए बरामद हुई। जांच में पता चला कि वह चोरी की स्कूटी पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर आता था।
पुलिस ने अमृतपुरी क्षेत्र में आस्कर के किराए के फ्लैट पर छापेमारी कर उसके साथी बेमाह को भी गिरफ्तार किया। वहीं हसन ने बताया कि वह खरीदी गई ड्रग अपनी रिश्तेदार रजिया को देता था, जो मंडावली की झुग्गियों में छोटे-छोटे पाउच बनाकर उन्हें बेचती थी। रजिया 1500 रुपये में खरीदी गई ड्रग को 2200 रुपये में बेचती थी और कमाई को बांट लेती थी।
पुलिस ने विदेशी नागरिकों के पासपोर्ट और दस्तावेज एंबेसी को भेज दिए हैं ताकि उनकी वैधता की जांच की जा सके। यह भी देखा जा रहा है कि कहीं वे वीजा अवधि समाप्त होने के बाद गैरकानूनी तरीके से तो दिल्ली में नहीं रह रहे थे। इस कार्रवाई से पुलिस ने राजधानी में सक्रिय एक बड़े ड्रग नेटवर्क को ध्वस्त किया है।




