अब गाज‍ियाबाद का एलिवेटेड रोड कहलाएगा राम सेतु

गाजियाबाद। गाजियाबाद नगर निगम कार्यकारिणी की बैठक गुरुवार को हुई। इसमें कई अहम प्रस्ताव पास हुए। सबसे बड़ा फैसला हिंडन एलिवेटेड रोड का नाम बदलने वाला रहा। अब इसका नाम श्रीराम सेतु होगा। इसके अलावा नगर निगम ने अपना पार्किंग का शुल्क भी बढ़ा दिया है। हालांकि डीएम सर्कल रेट पर संपत्तिकर बढ़ाए जाने के प्रस्ताव को निरस्त किए जाने को लेकर काफी समय तक बहस चलती रही, लेकिन यह निरस्त नहीं हो सका। इस रोड के निर्माण की शुरुआत अखिलेश यादव के समय में 2014 में हुई थी। बाद में साल 2017 में योगी सरकार के समय में इसका उद्घाटन किया गया था।
मेयर सुनीता दयाल की अध्यक्षता और नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक की मौजूदगी में गुरुवार सुबह 11 बजे निगम सभागार में कार्यकारिणी की बैठक शुरू हुई। बैठक के दौरान मेयर सुनीता दयाल ने दिल्ली यूपी गेट को गाजियाबाद राजनगर एक्सटेंशन से जोड़ने वाली देश की सबसे लंबी छह लेन वाले 10.30 किमी. लंबी एलिवेटेड रोड सड़क का नाम श्री राम सेतु रखने का प्रस्ताव रखा जिसको सर्वसम्मति से पास किया गया। अब प्रस्ताव को बोर्ड में रखा जाएगा और उसके बाद औपचारिक रूप से एलिवेटेड रोड पर श्रीराम सेतु मार्ग के नाम का बोर्ड लगाया जाएगा। करीब 1200 करोड़ रुपए से तैयार हुए यह सिंगल पिलर सिस्टम पर 282 पिलर पर टिकी है।
पार्किंग के नए टेंडर में बढ़ जाएगा शुल्क
पार्किंग शुल्क को बढ़ाए जाने का प्रस्ताव भी कार्यकारिणी की बैठक में पास हुआ। इसे बढ़ाने का प्रस्ताव इस शर्त के साथ पास हुआ है कि जो टेंडर चल रहे हैं उसमें पार्किंग शुल्क को नहीं बढ़ाया जाएगा, लेकिन भविष्य में पार्किंग को लेकर जो नए टेंडर होंगे। उसमें बढ़ी हुई दरों को लागू कर किया जाएगा। खास बात यह है कि इसमें पार्किंग शुल्क अधिक होने के साथ ही समय कम कर दिया जाएगा।
टैक्स में 1 फीसदी की अतिरिक्त मिलेगी छूट
निगम तीन तरह से पब्लिक को छूट देती है। 1 अप्रैल से 31 जुलाई तक पूरा टैक्स जमा करने पर 20 फीसदी, 1 अगस्त से 30 सितंबर तक पूरा टैक्स जमा करने पर 10 फीसदी और 1 अक्टूबर से 30 नवंबर तक पूरा टैक्स जमा करने पर 5 फीसदी की छूट मिलती है। यदि कोई व्यक्ति अपने सभी प्रकार के टैक्स को ऑनलाइन भुगतान करता है तो उसे सामान्य छूट के अलावा एक प्रतिशत की अतिरिक्त छूट मिलेगी। इस प्रस्ताव को भी कार्यकारिणी की बैठक में पास कर दिया गया है।
डेयरी के लिए बनेगा पायलट प्रोजेक्ट
शहर में अवैध डेयरी की वजह से होने वाली गंदगी और पब्लिक की समस्या का मामला भी उठा। इसमें यह तय हुआ कि दो वार्ड में पायलट प्रॉजेक्ट शुरू किया गया। इसके तहत वार्ड में गोबर डालने के लिए पिट बनाई जाए। इस पिट में डेयरी संचालक को अपना गोबर डालना होगा। यदि वह इसका पालन नहीं करता है तो उस पर जुर्माना किया जाए। यदि यह सफल होता है बाकी वार्ड में भी इस शुरू किया जा सकता है। साथ ही सरकारी जमीन पर चलने वाली डेयरी पर कार्रवाई किए जाने के साथ ही चालान किया जाए।
यह प्रस्ताव हुए पास

  • हर वार्ड में 2 दिशासूचक बार्ड लगाए जाएंगे
  • राजनगर एक्सटेंशन के रिवर हाइट्स सोसायटी के गोल चक्कर का नाम देवी आहिल्याबाई होल्कर चौक रखा जाए
  • अशियाना पालम कोर्ट सोसायटी का नाम भगवान परशुराम चौक रखा जाए,निगम द्वारा जीडीए को मूर्ति स्थापना का प्रस्ताव भेजा जाए
  • नूरनगर 56 एमएलडी के एसटीपी के संचालन का काम तीन महीने के लिए दिए जाने का प्रस्ताव

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button