राखी के दिन लुटेरे से भिड़ा ट्रैफिक सिपाही, ईंट के वार से घायल होकर भी नहीं छोड़ी बदमाश की पकड़
लखनऊ में रक्षाबंधन के पावन अवसर पर एक सिपाही ने अपनी जान जोखिम में डालकर महिला का मंगलसूत्र छीनने वाले बदमाश को पकड़ा। घायल होने के बावजूद सिपाही ने बदमाश को नहीं छोड़ा।

लखनऊ/उत्तर प्रदेश। रक्षाबंधन के पावन पर्व पर राजधानी लखनऊ के मड़ियांव क्षेत्र में ट्रैफिक पुलिस के आरक्षी नवीन चौधरी ने साहस और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल पेश की। बच्चों के साथ मायके राखी बांधने जा रही महिला से थप्पड़ मारकर मंगलसूत्र लूटकर भाग रहे बदमाश का सिपाही ने पीछा कर उसे दबोच लिया। इस दौरान बदमाश ने खुद को छुड़ाने के लिए सिपाही के चेहरे और नाक पर ईंट से वार कर उन्हें लहूलुहान कर दिया, लेकिन घायल होने के बावजूद सिपाही ने आरोपी की पकड़ नहीं छोड़ी।
जानकारी के अनुसार चिनहट निवासी रूबी कश्यप शुक्रवार को अपने बेटे आदित्य और अखिलेश के साथ रक्षाबंधन मनाने मायके जा रही थीं। वह मड़ियांव के चंद्राढाल पर बस का इंतजार कर रही थीं। इसी दौरान पीले रंग की टी-शर्ट पहने एक युवक वहां पहुंचा और महिला को थप्पड़ मारकर उनके गले से सोने का मंगलसूत्र झपटकर भागने लगा।
महिला के शोर मचाने पर पास में यातायात ड्यूटी पर तैनात आरक्षी नवीन चौधरी ने तत्काल बदमाश का पीछा किया और कुछ दूरी पर उसे पकड़ लिया। खुद को घिरता देख आरोपी ने पास पड़ी ईंट उठाकर सिपाही के चेहरे और नाक पर कई वार किए। हमले में नवीन चौधरी घायल हो गए और उनके चेहरे से खून बहने लगा, लेकिन उन्होंने आरोपी को मजबूती से पकड़े रखा।
सूचना मिलने पर यातायात उपनिरीक्षक उपेंद्र कुमार सिंह, आरक्षी सहजाद अली, शहबान खान और मड़ियांव थाने के उपनिरीक्षक अमित कुमार साहू मौके पर पहुंचे। पुलिस टीम ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। घायल सिपाही को तत्काल हिम सिटी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उनकी नाक पर दो टांके लगाए।
मड़ियांव थाना प्रभारी निरीक्षक शिवानंद मिश्रा ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी की पहचान 23 वर्षीय धर्मेंद्र कुमार मौर्य निवासी लखीमपुर खीरी के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से पीड़िता के मंगलसूत्र की टूटी हुई माला बरामद की गई। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अस्पताल से प्राथमिक उपचार के बाद जब आरक्षी नवीन चौधरी थाने पहुंचे तो रूबी कश्यप ने भावुक होकर उनकी कलाई पर राखी बांधी। महिला ने कहा कि रक्षाबंधन के दिन सिपाही ने अपनी जान जोखिम में डालकर एक बहन की रक्षा की और बड़े भाई का फर्ज निभाया।
डीसीपी यातायात रवीना त्यागी ने आरक्षी नवीन चौधरी के साहस की सराहना करते हुए कहा कि उनकी बहादुरी पर पूरे विभाग को गर्व है। पुलिस कमिश्नर ने भी सिपाही के अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा के लिए 10 हजार रुपये का नकद पुरस्कार और प्रशस्ति-पत्र देने की घोषणा की है।
रक्षाबंधन के दिन हुई इस घटना ने खाकी के उस मानवीय और साहसिक चेहरे को सामने रखा, जिसमें एक पुलिसकर्मी ने ड्यूटी के दौरान अपनी सुरक्षा की परवाह किए बिना महिला की मदद की और लूट की वारदात को अंजाम देकर भाग रहे आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।




