लगातार बारिश से गुरुग्राम बेहाल, इफ्को चौक पर धंसी सड़क; स्कूल बसों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने जारी किए निर्देश
गुरुग्राम में सोमवार को भारी बारिश के बाद लगातार दूसरे दिन बारिश हुई। एक्सप्रेसवे के जंक्शनों पर लोगों को जलभराव के चलते जाम से जूझना पड़ा। इफ्को चौका पर सड़क धंस जाने से एक बड़े इलाके को बेरीकेड करके सुरक्षित करना पड़ा। गुरुग्राम में उपायुक्त ने स्कूल बसों की सुरक्षा के लिए एडवाइजरी जारी की है जो 30 सितंबर तक प्रभावी रहेगी।

गुरुग्राम। दिल्ली से सटे गुरुग्राम में लगातार दूसरे दिन हुई तेज और रुक-रुककर बारिश ने शहर की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी। सोमवार को महज कुछ समय में 70 मिलीमीटर से अधिक बारिश के बाद हुए जलभराव से जहां यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई, वहीं मंगलवार को भी कई इलाकों में हालात सामान्य नहीं हो सके। राष्ट्रीय राजमार्ग-48 स्थित इफ्को चौक पर सर्विस लेन का एक हिस्सा धंसने से बड़ा गड्ढा बन गया। सूचना मिलने पर गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में सड़क के नीचे से मिट्टी खिसकने का कारण गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण की सीवर लाइन में रिसाव सामने आया है। रिसाव के कारण सड़क के नीचे की मिट्टी बह गई, जिससे सड़क की सतह धंस गई। सुरक्षा की दृष्टि से प्रभावित हिस्से के आसपास बैरिकेडिंग कर दी गई है।
बारिश के कारण मंगलवार को नरसिंहपुर क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग-48 पर जल निकासी व्यवस्था के पास एक ट्रक फंस गया। वहीं इफ्को चौक पर सड़क धंसने की घटना ने सड़क और जल निकासी व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इससे पहले सोमवार को करीब 45 मिनट की तेज बारिश के बाद शहर के कई प्रमुख मार्गों पर भारी जाम लग गया था और वाहन घंटों तक फंसे रहे।
सोमवार को सुभाष चौक के जलभराव वाले हिस्से में करीब 15 वाहन फंस गए थे, जिनमें नौ स्कूल बसें शामिल थीं। इन बसों में 300 से अधिक बच्चे करीब दो घंटे तक फंसे रहे। बच्चों के भूख-प्यास से परेशान होने की तस्वीरें और वीडियो भी सामने आए थे। इसके बाद जिला प्रशासन ने मानसून के दौरान स्कूल बसों की सुरक्षित आवाजाही को लेकर विस्तृत निर्देश जारी किए हैं।
जिला मजिस्ट्रेट और जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्यक्ष उत्तम सिंह ने निर्देश दिया है कि भारी बारिश और जलभराव के दौरान स्कूल बसों को प्रभावित मार्गों से नहीं भेजा जाएगा। जहां संभव हो, वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल किया जाएगा। भारी बारिश या मौसम विभाग की चेतावनी वाले दिनों में जरूरत पड़ने पर फंसे विद्यार्थियों को सुरक्षित निकालने के लिए अतिरिक्त बसें तैयार रखी जाएंगी।
प्रशासन के अनुसार, गुरुग्राम यातायात पुलिस स्कूलों के साथ जलभराव, धीमी गति वाले तथा सुचारु मार्गों की वास्तविक समय की जानकारी साझा करेगी। स्कूलों को मार्ग या छुट्टी के समय में बदलाव की सूचना अभिभावकों को पहले से देने के निर्देश दिए गए हैं। जलभराव वाले स्थान या ऐसे बस स्टॉप पर किसी बच्चे को नहीं उतारा जाएगा, जहां उसकी देखभाल के लिए कोई जिम्मेदार व्यक्ति मौजूद न हो। बच्चों को केवल माता-पिता या अधिकृत अभिभावक को ही सौंपा जाएगा।
हर स्कूल बस में एक कर्मचारी को सहायक के रूप में रखने और चालकों को जलभराव वाले मार्गों तथा अंडरपास में वाहन नहीं ले जाने के निर्देश दिए गए हैं। गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण, नगर निगम और अन्य संबंधित एजेंसियों को स्कूल बसों के मार्गों तथा स्कूलों के आसपास जल निकासी को प्राथमिकता के आधार पर दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन की ओर से बताया गया कि सुबह 5:30 बजे, 10:30 बजे और दोपहर 12:30 बजे स्थिति संबंधी रिपोर्ट जारी की जाएंगी। तेज बारिश या किसी मार्ग के बंद होने की स्थिति में 30 मिनट के भीतर तत्काल सूचना जारी करने की व्यवस्था की गई है। ये निर्देश 30 सितंबर 2026 तक या अगले आदेश तक प्रभावी रहेंगे।
जलभराव और यातायात की समस्या को लेकर हरियाणा की मंत्री श्रुति चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री इस विषय पर नियमित रूप से बैठकें कर रहे हैं। उन्होंने इसे लंबे समय से चली आ रही समस्या बताते हुए कहा कि स्थायी समाधान के लिए समय और व्यापक स्तर पर काम करने की जरूरत है। उन्होंने सिंचाई विभाग के पुराने ढांचे का उदाहरण देते हुए कहा कि विभाग के बुनियादी ढांचे को विश्व बैंक परियोजना के तहत बड़े स्तर पर सुधारा जा रहा है। उन्होंने कहा कि स्पष्ट दृष्टिकोण और पूरे प्रदेश में विभाग की समीक्षा के आधार पर सुधार की दिशा में काम किया जा रहा है।
बारिश के बाद गुरुग्राम में सड़क धंसने, जलभराव, यातायात जाम और स्कूल बसों के फंसने की घटनाओं ने शहर के जल निकासी और सड़क ढांचे की तैयारियों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने फिलहाल विद्यार्थियों की सुरक्षा और जलभराव वाले क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था को प्राथमिकता देने का दावा किया है।




