राखी और पाती के जरिए उठी अलग बुन्देलखण्ड राज्य की मांग

देवब्रत त्रिपाठी/जिला ब्यूरो चीफ
फतेहपुर/उत्तर प्रदेश। अलग बुन्देलखण्ड राज्य की मांग को लेकर बुन्देलखण्ड राष्ट्र समिति की ओर से चलाए जा रहे ‘एक राखी, एक पाती—बुन्देलखण्ड के नाम’ अभियान के तहत बुधवार को मालती विद्या पीठ माध्यमिक विद्यालय, रारी में कार्यक्रम आयोजित किया गया। अभियान की शुरुआत 10 जुलाई 2026 से हुई है और यह रक्षाबंधन तक चलेगा।
विद्यालय के प्रधानाचार्य गोविंद सिंह भदौरिया के नेतृत्व में बहनों और छात्राओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम बधाई पत्र तैयार किए। इन पत्रों के साथ राखियां भी भेजी गईं। पत्रों के माध्यम से प्रधानमंत्री से अलग बुन्देलखण्ड राज्य के गठन की मांग की गई।
कार्यक्रम में छात्राओं और बहनों ने कहा कि बुन्देलखण्ड की बेटियां भी अपने क्षेत्र के विकास और बेहतर भविष्य को लेकर अपनी आवाज उठा रही हैं। राखी और पत्र के माध्यम से प्रधानमंत्री तक यह संदेश पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है कि बुन्देलखण्ड को अलग राज्य का दर्जा मिलने से क्षेत्र के विकास को नई गति मिल सकती है।
बुन्देलखण्ड राष्ट्र समिति के केंद्रीय अध्यक्ष प्रवीण पाण्डेय ने कहा कि 10 जुलाई से शुरू हुआ यह अभियान रक्षाबंधन तक जारी रहेगा। अभियान का उद्देश्य बुन्देलखण्ड की बहनों, छात्राओं और आमजन को जोड़कर प्रधानमंत्री तक ‘एक राखी, एक पाती—बुन्देलखण्ड राज्य के नाम’ का संदेश पहुंचाना है।
उन्होंने कहा कि अभियान के माध्यम से अलग राज्य की मांग को शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से सामने रखा जा रहा है। उन्होंने अधिक से अधिक विद्यालयों, महाविद्यालयों और परिवारों से अभियान में शामिल होने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं और महिलाओं ने बुन्देलखण्ड के विकास, रोजगार, शिक्षा और मूलभूत सुविधाओं से जुड़े मुद्दों को उठाते हुए अलग राज्य की मांग के समर्थन में अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। आयोजकों ने कहा कि राखी के इस भावनात्मक रिश्ते के माध्यम से प्रधानमंत्री तक क्षेत्रवासियों की अपेक्षाएं और मांग पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।




