मोदी सरकार में इकलौते इसाई मंत्री जॉर्ज कुरियन ने दिया इस्तीफा
बीजेपी के वरिष्ठ नेता जॉर्ज कुरियन ने अल्पसंख्यक मामलों और मत्स्य पालन राज्य मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है। उनका छह साल का राज्यसभा कार्यकाल पूरा होने के बाद राष्ट्रपति ने उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया।
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नई दिल्ली/एजेंसी। भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के वरिष्ठ नेता जॉर्ज कुरियन ने मंगलवार को अल्पसंख्यक मामलों तथा मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय में राज्य मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया। उनका राज्यसभा का छह वर्षीय कार्यकाल पूरा होने के चलते यह इस्तीफा दिया गया है। राष्ट्रपति भवन की ओर से जारी बयान में कहा गया कि प्रधानमंत्री की सलाह पर भारत के राष्ट्रपति ने संविधान के अनुच्छेद 75(2) के तहत जॉर्ज कुरियन का इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है।
65 वर्षीय कुरियन अगस्त 2024 से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली तीसरी केंद्रीय कैबिनेट में राज्य मंत्री के रूप में कार्यरत थे। वे केंद्र सरकार में ईसाई समुदाय से आने वाले प्रमुख नेताओं में शामिल थे। उनका राज्यसभा कार्यकाल 21 जून को समाप्त हो गया था, जिसके कारण उन्हें पद छोड़ना पड़ा।
बताया जा रहा है कि केरल में विधानसभा चुनावों में पार्टी के अपेक्षित प्रदर्शन न करने के कारण उन्हें दोबारा राज्यसभा के लिए नामित नहीं किया गया। जॉर्ज कुरियन का जन्म 20 सितंबर, 1960 को केरल के कोट्टायम जिले के एट्टुमानूर नगरपालिका क्षेत्र में हुआ था। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा गृहनगर में प्राप्त की और इसके बाद विधि (लॉ) में स्नातक एवं परास्नातक की डिग्री हासिल की।
उन्होंने 9 जून, 2024 को केंद्रीय राज्य मंत्री के रूप में शपथ ली थी और 11 जून, 2024 को अल्पसंख्यक मामलों तथा मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय का कार्यभार संभाला था। इससे पूर्व वे राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष रह चुके हैं। साथ ही उन्होंने तत्कालीन केंद्रीय रेल राज्य मंत्री ओ. राजगोपाल के विशेष कार्याधिकारी के रूप में भी कार्य किया है। कुरियन भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में गिने जाते हैं और वर्ष 1980 में पार्टी की स्थापना के समय से ही इसके सक्रिय सदस्य रहे हैं।




