दिल्ली में अवैध रूप से तेजाब बेचने वालों पर प्रशासन ने कसा शिकंजा, दो को पकड़ा

मीडिया में खबर आने के बाद दिल्ली के यमुनापार में अवैध तेजाब बिक्री पर प्रशासन ने शिकंजा कसा है। मुस्तफाबाद में एक युवती द्वारा तेजाब हमले के बाद यह मुद्दा प्रमुखता से उठा था।
दिल्ली ब्यूरो। मीडिया में खबर आने के बाद यमुनापार में बड़ा असर हुआ है। मुस्तफाबाद में एक युवती ने मंगलवार को अपनी सहेली पर तेजाब फेंका था। इस वारदात ने लोगों को झकझोर दिया था। किस तरह से एक युवती ने एकतरफा प्यार के चक्कर में सहेली पर तेजाब फेंका था।
मीडिया ने यह मुद्दा प्रमुखता से उठाया था किस तरह से यमुनापार में खुलेआम गली-गली में अवैध रूप से तेजाब फैरी वाले बेच रहे हैं। प्रशासन व पुलिस पर सवाल उठाए थे, फैरी वाले फल व सब्जी की तरह साइकिलों पर अवैध रूप से हाथ वाले स्पीकर का इस्तेमाल करके तेजाब बेच रहे हैं। प्रशासन को कुछ दिखाई नहीं दे रहा है।
बृहस्पतिवार को इस खबर का बड़ा असर हुआ। खबर पर संज्ञान लेकर प्रशासन को जमीन पर उतरना पड़ा और दयालपुर इलाके में अवैध रूप से गली-गली में तेजाब बेच रहे दो फैरी वालों को पकड़ा है। इनके पास से तेजाब की 15 बोतलें बरामद की गई हैं। इनसे पूछताछ की जा रही है कि यह तेजाब कहां से खरीदकर लाते थे। लोगों ने मीडिया का धन्यवाद किया।
आरोपित युवती ने फैरी वाले से शौचालय की सफाई के लिए तेजाब खरीदा था। उत्तर पूर्वी के जिलाधिकारी अजय कुमार ने सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि रिहायशी क्षेत्रों में टीमों को उतारा जाए। जहां भी अवैध रूप से तेजाब अवैध रूप से बिक रहा है, उनके खिलाफ कार्रवाई करे। कार्रवाई लगातार जारी रहनी चाहिए।
खबर में बताया गया था अधिकतर लोग शौचालय की सफाई के लिए फैरी वालों से 30 से 50 रुपये की एक बोतल तेजाब खरीदते हैं। फैरी वालों में पुलिस व प्रशासन का कोई खौफ नजर नहीं आता। कोर्ट ने आदेश दिए हुए है कि दिल्ली में तेजाब बेचने वालों को तेजाब के स्टाक की पूरी जानकारी एक रजिस्टर में लिखनी होगी। जो ग्राहक तेजाब खरीदने आते हैं, उनकी एक आईडी प्रूफ की कापी व फोन नंबर अपने पास सुरक्षित रखना होगा। फैरी वाले अवैध रूप से तेजाब बेच रहे थे।




