स्वास्थ्य मंत्री के गृहग्राम में ही घटिया निर्माण!
करोड़ों की नहर लाइनिंग एक माह भी नहीं टिक पाई, जगह-जगह दरारें

शोभित शर्मा,बिलासपुर/छत्तीसगढ़। छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री के सपनों की सिंचाई परियोजना पर सवाल खड़े हो गए हैं। मंत्री के गृहग्राम रतनपुर स्थित तामडाड़ जलाशय से जुड़ी नहर लाइनिंग निर्माण में भारी अनियमितता सामने आई है।
स्थानीय लोगों के अनुसार करोड़ों रुपये की लागत से बनी नहर लाइनिंग एक माह भी नहीं टिक सकी और अब जगह-जगह दरारें पड़ गई हैं। इससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि नहर लाइनिंग का निर्माण कार्य पूरी तरह से घटिया सामग्री और मानकों की अनदेखी करते हुए किया गया। जहां मजबूत कंक्रीट की जरूरत थी, वहां कमजोर मिश्रण का उपयोग किया गया, जिसके चलते नहर की सतह जल्दी ही टूटने लगी।
ग्रामीणों ने उठाए सवाल
आखिर इतनी बड़ी लागत के बावजूद निर्माण इतना कमजोर क्यों?
क्या कार्य में गुणवत्ता परीक्षण (Quality Check) किया गया था?
जिम्मेदार अधिकारी और ठेकेदार पर कार्रवाई कब होगी?
किसानों को नुकसान का डर
इस नहर का उद्देश्य किसानों को सिंचाई सुविधा देना था, लेकिन लाइनिंग में आई दरारों के कारण पानी का रिसाव शुरू हो सकता है, जिससे खेतों तक पानी पहुंचने में बाधा आएगी।
जांच की मांग तेज
ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो यह करोड़ों रुपये की योजना भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ जाएगी।
प्रशासन की चुप्पी
मामले को लेकर अभी तक संबंधित विभाग या अधिकारियों की ओर से कोई स्पष्ट जवाब नहीं आया है, जिससे संदेह और गहरा रहा है।
बड़ा सवाल:
जब मंत्री के गृहग्राम में ही विकास कार्यों की यह स्थिति है, तो बाकी क्षेत्रों में हो रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता कैसी होगी?




