गुरुग्राम में पीजी केयरटेकर की हत्या मामले का पर्दाफाश
किराया मांगने पर 3 लोगों ने गला दबाकर किया था मर्डर

गुरुग्राम। फरुखनगर की जाट कालोनी स्थित श्री श्याम पीजी में पांच जून की सुबह केयरटेकर का शव मिलने के मामले में पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने मंगलवार को तीन लोगों को गिरफ्तार किया। पूछताछ में पता चला कि इन्होंने पीजी का किराया मांगने को लेकर केयरटेकर की चार जून की रात गला दबाकर हत्या कर दी थी।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि पांच जून की सुबह कंट्रोल रूम में श्री श्याम पीजी के कमरा नंबर चार में केयरटेकर 24 वर्षीय नरेंद्र उर्फ तोता का शव मिलने की जानकारी दी गई थी। पूछताछ में पता चला था कि नरेंद्र फरुखनगर के वार्ड एक के रहने वाले थे। वह एक महीने पहले ही इस पीजी में केयरटेकर के काम के लिए आए थे।
नरेंद्र के भाई ने फरुखनगर थाने में तीन लोगों पर हत्या का शक जताते हुए शिकायत दी थी। कहा था कि उनका तीन लोगों से पैसों को लेकर विवाद चल रहा था। चार जून की रात भी बात हुई थी, तब उन्होंने लेट से आने की बात कही थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाने की पुष्टि होने के बाद हत्या का केस दर्ज किया गया।
मामले में जांच करते हुए फरुखनगर थाना पुलिस ने मंगलवार को तीन आरोपितों को दिल्ली-झज्जर बाईपास रोड से गिरफ्तार कर लिया। इनकी पहचान हिसार के आजमपुर गांव के रहने वाले राहुल, सूरज और उत्तर प्रदेश के मेरठ के किशनपुरा गांव के बिट्टू के रूप में की गई।
आरोपितों से पुलिस पूछताछ में पता चला कि ये सभी श्रमिक का काम करते थे और इस पीजी में किराये से रहने आए थे। नरेंद्र ने इन्हें पांच हजार रुपये में एक रूम दिया था। इन्होंने तीन हजार रुपये दे दिए थे। दो हजार बाकी थे। नरेंद्र ने कई बार दो हजार रुपये देने को लेकर गाली-गलौज की थी। इस कारण पहले भी इनकी हाथापाई हुई थी। चार जून की रात तीनों आरोपित नरेंद्र के साथ बैठकर शराब पी रहे थे। इस दौरान फिर से नरेंद्र ने दो हजार रुपये मांगे और गाली-गलौज की। झगड़ा बढ़ने पर बिट्टू व राहुल ने अपने हाथों से नरेंद्र का गला घोंटकर हत्या कर दी। सूरज घटनास्थल पर उपस्थित था और हत्या की वारदात को अंजाम देने में शामिल रहा।




