आप का ‘पानी सत्याग्रह’, अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठीं जल मंत्री आतिशी

दिल्ली ब्यूरो। राजधानी में जल संकट का सियासी संग्राम अनशन तक जा पहुंचा है। हरियाणा से अतिरिक्त पानी की मांग को लेकर भोगल के जंगपुरा स्थित सैनी चौपाल में शुक्रवार से दिल्ली की जल मंत्री आतिशी अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठ गई हैं। इसमें आप सांसद, विधायक व पार्षद भी उनका साथ दे रहे हैं। दावा है कि जब तक दिल्ली का जल संकट दूर नहीं होता, अनशन जारी रहेगा। उधर, अनशन शुरू करने से पहले आतिशी ने राजघाट में महात्मा गांधी की समाधि में पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस दौरान उनके साथ मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल और पार्टी के अन्य नेता भी शामिल रहे। इसके बाद वह केजरीवाल के परिवार से मुलाकात करने उनके आवास पर पहुंची। यहां से निकलने के बाद वह अनशन स्थल पर पहुंचीं और अनशन शुरू किया।
पीएम मोदी को भी लिखी चिट्ठी
अनशन के बीच आतिशी ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि इसे लेकर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी चिट्ठी लिखी है और हरियाणा से पानी न मिलने के मुद्दे पर हस्तक्षेप करने का अनुरोध किया है। इस भीषण गर्मी में हर किसी को पानी की जरूरत है। जब दिल्ली को पानी की अतिरिक्त जरूरत है, तब पानी की कमी हो गई है। दिल्ली पानी के लिए पड़ोसी राज्यों पर निर्भर है।
दिल्ली को रोजाना 1005 एमजीडी पानी मिलना चाहिए। इसमें से 613 एमजीडी पानी हरियाणा देता है, लेकिन पिछले दो हफ्ते से हरियाणा केवल 513 एमजीडी पानी ही दे रहा है। दिल्ली को अतिरिक्त पानी लेने के लिए हर संभव प्रयास किया, लेकिन हरियाणा सरकार ने नहीं दिया। लेकिन, राहत मिलने के बजाय पिछले दो दिनों से हरियाणा सरकार ने दिल्ली का 120 एमजीडी पानी रोक लिया है।
28 लाख लोग जल संकट से प्रभावित
उन्होंने दावा करते हुए कहा कि एक मिलियन गैलन (एमजीडी) पानी से 28,500 लोगों को पानी मिलता है। यानी जब हरियाणा सरकार दिल्ली को 100 एमजीडी पानी नहीं देती है, तो दिल्ली के 28 लाख से ज्यादा लोगों का पानी रुक जाता है। यही कारण है कि दिल्ली के अलग-अलग हिस्सों में पानी के लिए त्राहि-त्राहि मची है। लोग घंटों तक पानी का इंतजार कर रहे है। बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश की सरकार से कहा कि यदि उनके पास अतिरिक्त पानी है, तो वो दिल्ली को दे दें। हिमाचल प्रदेश की सरकार पानी देने को तैयार भी हो गई, लेकिन हिमाचल प्रदेश का पानी भी हरियाणा से होकर आना था और हरियाणा सरकार ने उसके लिए भी मना कर दिया। उन्होंने दावा करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट में गुहार लगाई और कोर्ट ने भी माना कि दिल्ली में पानी का संकट है।
पानी की जंग में, पानी ही पीकर करेंगी सत्याग्रह
आतिशी पानी की जंग के लिए अन्न त्याग कर अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठ गई हैं। उन्होंने कहा कि वह अनशन में केवल पानी ही पिएंगी। उन्होंने कहा कि वह जबतक दिल्ली को अतिरिक्त पानी नहीं मिलता, तब तक ये अनिश्चितकालीन अनशन चलता रहेगा।
उन्होंने कहा कि ये संकल्प लिया है कि जबतक दिल्लीवालों को पानी नहीं मिलेगा, तब तक पानी का यह अनशन चलता रहेगा। वहीं, सांसद संजय सिंह ने आरोप लगाते हुए कहा कि जल संकट के पीछे भाजपा जिम्मेदार है। उन्होंने वजीराबाद बैराज की तस्वीरें भी दिखाईं। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि इस लड़ाई में उनका साथ दें।
जल मंत्री ने अनशन स्थल पर पहुंचकर महात्मा गांधी की तस्वीर पर पुष्प अर्पित किया और फिर पानी सत्याग्रह पर बैठ गईं। इस दौरान उनके साथ मंच पर सुनीता केजरीवाल, राज्यसभा सदस्य संजय सिंह, विधायक राखी बिड़लान व जरनैल सिंह समेत पार्टी के कई पार्षद मौजूद रहे।




