गाजियाबाद में छोटा हरिद्वार के गंगा तट पर महिलाओं को कपड़े बदलते देखता था पुजारी, चेंजिंग रूम में लगा कैमरा मोबाइल से था कनेक्ट

गाजियाबाद। गाजियाबाद में छोटे हरिद्वार के नाम से मशहूर घाट पर महिलाओं के चेंजिंग रूम के ऊपर सीसीटीवी कैमरे से रिकॉर्डिंग का मामला सामने आया है। इस मामले में जानकारी के बाद मुरादनगर क्षेत्र की रहने वाली महिला ने पुलिस से शिकायत की है। जिसके बाद धार्मिक स्थल के धर्मगुरु मुकेश गिरी पर केस दर्ज किया गया है।डीसीपी विवेक चंद ने बताया कि मामले में शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर जांच की जा रही है। चेंजिंग रूम पर सीसीटीवी कैमरे की पुष्टि भी हुई है। इसमें मुकेश गिरी पर धारा 354 के साथ 354(ग), 504 और 506 के साथ केस दर्ज किया गया है। सभी फैक्ट्स को चेक किया जा रहा है। दूसरी तरफ मामले की जानकारी के बाद प्रशासन की टीम ने पहुंच कर जांच की और चेंजिंग रूम को ऊपर से कवर करवाया। साथ ही घाट के आसपास बनी अवैध दुकानों को भी जेसीबी की मदद से हटाया।
जानकारी के अनुसार, 21 मई को महिला अपनी बेटी के साथ घाट पर स्नान के लिए आई थी। दो दिन बाद महिला को जानकारी हुई कि बिना छत के बने चेंजिंग रूम के ऊपर एक सीसीटीवी कैमरा लगा है। जिसमें उनकी विडियो रिकॉर्ड की गई। इस बात को लेकर वह मुकेश गिरी से मिलने गईं और इसका विरोध किया तो उनके साथ अभद्रता की गई और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उन्होंने पुलिस से शिकायत की है। महिला के अनुसार आरोपी सीसीटीवी कैमरे की मदद से अपने मोबाइल पर लाइव विडियो देखता है।
इस मामले में डीसीपी ने बताया कि इस मामले की प्राथमिक जांच में सामने आया है कि घाट पर लगे करीब 8-10 कैमरों में 1 कैमरा ऊपर से खुले चेंजिंग रूम के ऊपर है। वहां से जब्त किए गए डीवीआर में 5 दिन की फुटेज मिली है। इसमें करीब 300 वीडियो मिले हैं। यह कैमरा कब लगा और कब से रिकॉर्डिंग हो रही थी, इसकी जांच की जा रही है। इसमें अन्य लोगों भी भूमिका की जांच की जा रही है। कुछ लोगों से पूछताछ की जा रही है। साथ ही सुरक्षा के लिए पुलिस मूवमेंट के साथ-साथ अन्य कैमरों को भी चेक करवाया जा रहा है।
पुलिस की जांच में सामने आया है कि कैमरे की लाइव फीड उमेश गिरी के मोबाइल पर होती थी। ऐसे उसे इस बारे में जानकारी न होने की बात नहीं है। अब क्या रिकॉर्डिंग को सेव किया गया है या नहीं, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस उसके मोबाइल को भी जांच के लिए फरेंसिक लैब भेजेगी, जिससे अगर कोई डेटा डिलीट किया गया हो तो उसकी जानकारी भी मिल सके।
डीसीपी ने बताया कि मुकेश पर मेरठ समेत अन्य स्थान पर केस दर्ज हैं। इसमें एक मामला रंगदारी मांगने का है। 2007 में उसने खुद को पत्रकार बता एक डॉक्टर से रुपये की डिमांड की थी। इस मामले में जानकारी के बाद प्रशासन भी हरकत में आया और घाट के आसपास मुकेश की ओर से तैयार की गई करीब 4-5 अवैध दुकानों को जेसीबी की मदद से हटाया गया। सूत्रों के अनुसार मुकेश प्रशासन में अपने कुछ खास परिचित लोगों की मदद से अवैध दुकान चलवा रहा था। इस मामले के सामने आने के बाद आनन-फानन में उस पर एक्शन लिया गया।
आजकल चेंजिंग रूम, होटल के कमरे और बाथरूम में हिडन कैमरे लगाकर लोगों के निजी पलों को कैद करना भी आम हो गया है। ऐसे में आपका सतर्क होना बहुत जरूरी है। आप इस तरह पता कर सकते हैं कि कैमरा लगा है या नहीं।
कमरे में कुछ पॉइंट्स ऐसे होते हैं जहां से पूरे कमरे का व्यू आसानी से कवर होता है। ऐसे पॉइंट्स पर क्या रखा है, इसका ध्यान रखें। ऐसी जगहों पर कैमरा छुपा हो सकता है। अगर आपको कुछ अलग लगे कि यह शो-पीस या शीशा यहां नहीं होना चाहिए था लेकिन जबरदस्ती उसे किसी जगह पर लगाया गया है तो इसे अच्छे से चेक जरूर कर लें।पंखे के बीचों-बीच से हलके डॉट जैसी रेड लाइट तो नहीं आ रही, इसकी जांच कर लें। टोर्च या तेज लाइट का इस्तेमाल कर देखा जा सकता है कि कोई लाइट ब्लिंक तो नहीं कर रही। दरवाजों के नॉब या डोर हैंडल या परदे के रोडस में भी कैमरा छुपा हो सकता है। इन जगहों पर भी अच्छे से चेक करें।
अगर आप कैमरा की रेड लाइट को ढूंढ नहीं पा रहे हैं तो रात को या अंधेरे में लेंस के रिफ्लेक्टिव सरफेस को स्पॉट किया जा सकता है। कमरे में अंधेरा कर के या रात को ब्लिंक करती हुई रेड लाइट या लेंस की रिफ्लेक्टिव लाइट को ढूंढा जा सकता है।
अधिकतर छुपे हुए कैमरा डिवाइसेज को पावर सोर्स की जरूरत पड़ती है। लेक्ट्रिकल एप्लाइंस को चेक करें और ब्लिंक करती हुई लाइट या एक्स्ट्रा वायर आधी की जांच करें।




