खाकी का मानवीय चेहरा सैनी थाना प्रभारी की सूझबूझ और तत्परता ने बचाई कई जानें
देवदूत बने सिराथू चौकी इंचार्ज गोद में घायलों को उठा एम्बुलेंस की ओर दौड़ पड़ी पुलिस

सचिन पाण्डेय,कौशाम्बी/उत्तर प्रदेश। नेशनल हाईवे 19 पर शनिवार को हुए दर्दनाक हादसे के बीच शनिवार को सैनी पुलिस का वह रूप देखने को मिला जो समाज में खाकी के प्रति सम्मान को और बढ़ा देता है हादसे की सूचना मिलते ही सैनी थाना प्रभारी धर्मेंद्र सिंह अपनी पूरी टीम के साथ मौके पर पहुँच गए चीख पुकार के बीच उन्होंने न केवल स्थिति को संभाला बल्कि राहत और बचाव कार्य का खुद नेतृत्व किया हादसे वाली जगह पर मंजर इतना खौफनाक था। कि हर कोई सहम गया लेकिन सिराथू चौकी इंचार्ज और उनके हमराहियों ने मिसाल पेश की पुलिसकर्मी घायल बच्चों और बुजुर्गों को अपनी गोद में उठाकर एम्बुलेंस तक ले जाते दिखे वहां
मौजूद लोगों ने बताया कि पुलिस ने केवल कागजी खानापूर्ति नहीं की बल्कि एक परिजन की तरह घायलों की सेवा की इस संकट की घड़ी में राहगीर अभिषेक गुप्ता और अन्य स्थानीय लोगों ने भी मानवता का परिचय दिया पुलिस प्रशासन के साथ कंधे से कंधा मिलाकर राहगीरों ने घायलों को गाड़ियों से निकालने में मदद की स्वास्थ्य विभाग की टीम और एम्बुलेंस कर्मियों ने भी बिना देर किए घायलों को अस्पताल पहुँचाने के लिए दिन रात एक कर दिया हादसा भीषण था जिसमें 8 लोगों की जान चली गई लेकिन सैनी पुलिस फायर ब्रिगेड और एनएचएआई की टीम की सक्रियता ने 20 अन्य घायलों को समय रहते इलाज मुहैया कराया थाना प्रभारी और चौकी इंचार्ज की इस संवेदनशीलता की आज हर तरफ चर्चा हो रही है जिन्होंने वर्दी के फर्ज के साथ इंसानियत का धर्म भी बखूबी निभाया।




