जहांगीरपुरी इरफान हत्याकांड का वांछित वसीम अकरम गिरफ्तार, 118 मुकदमों का है आरोपी
जहांगीरपुरी के इरफान हत्याकांड में वांछित वसीम अकरम उर्फ लम्बू, जिस पर 118 आपराधिक मामले दर्ज हैं, को बंगाल से गिरफ्तार किया गया। दिल्ली लाते समय उसने यमुना एक्सप्रेस-वे पर पुलिस पर फायरिंग कर भागने की कोशिश की।

राजीव कुमार गौड़/दिल्ली स्टेट हेड
बाहरी दिल्ली। जहांगीरपुरी के इरफान हत्याकांड में वांछित आरोपी वसीम अकरम उर्फ लम्बू को पुलिस ने पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार 29 वर्षीय वसीम अकरम का आपराधिक रिकॉर्ड बेहद लंबा है और उसके खिलाफ दिल्ली के अलग-अलग थानों में हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, चोरी, सेंधमारी, आर्म्स एक्ट, पॉक्सो एक्ट, सरकारी कर्मचारियों पर हमला और आपराधिक धमकी समेत कुल 118 मामले दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड में वह जहांगीरपुरी थाने का घोषित बदमाश भी है।
पुलिस के मुताबिक वसीम का आपराधिक इतिहास वर्ष 2014 से सामने आता है। वर्ष 2015 और 2016 के दौरान जहांगीरपुरी सहित दिल्ली के कई थानों में उसके खिलाफ चोरी, सेंधमारी, लूट और अवैध हथियार रखने के मामले दर्ज हुए। वर्ष 2016 में नाबालिग से संबंधित पॉक्सो एक्ट के मामले में भी उसका नाम सामने आया। इसके बाद वर्ष 2018 और 2019 में दिल्ली के विभिन्न इलाकों में चोरी और सेंधमारी के कई मामले दर्ज किए गए।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार पश्चिम विहार ईस्ट, साकेत, आरके पुरम, मालवीय नगर, लोदी कॉलोनी, कोतवाली और जनकपुरी सहित कई थानों में वसीम के खिलाफ मामले दर्ज हैं। वर्ष 2019 में पांडव नगर थाने में दर्ज एक मामले में उस पर पुलिस टीम पर फायरिंग करने और हत्या के प्रयास का आरोप भी लगा था। वर्ष 2022 में भी उसके खिलाफ लूट तथा पुलिसकर्मियों पर हमले से जुड़े मामले दर्ज हुए।
डीसीपी आकांक्षा यादव के अनुसार, 18 जुलाई को जहांगीरपुरी इलाके में 20 वर्षीय इरफान पर हमला किया गया था। घटना की सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने इरफान को बचाने का प्रयास किया, लेकिन वसीम अकरम और उसके साथियों ने पुलिसकर्मियों के साथ हाथापाई की और इरफान को अपने साथ ले गए। बाद में घायल अवस्था में इरफान को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद पुलिस ने मामले में वसीम अकरम को वांछित आरोपी बनाया था।
जांच के दौरान पुलिस को वसीम के पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम में होने की जानकारी मिली। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद ट्रांजिट रिमांड लेकर उसे दिल्ली लाया जा रहा था। इसी दौरान यमुना एक्सप्रेसवे पर मथुरा क्षेत्र में आरोपी ने पुलिसकर्मियों को चकमा देकर भागने का प्रयास किया।
पुलिस के अनुसार, मथुरा क्षेत्र में वसीम ने मौका पाकर पुलिस की सर्विस पिस्टल छीन ली और उससे फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश की। इस दौरान हुई फायरिंग में एसआई अजय कुमार के बाएं हाथ में गोली लग गई। पुलिस ने आरोपी को रोकने के लिए जवाबी कार्रवाई की, जिसमें वसीम के दाएं पैर में गोली लगी। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसे काबू कर लिया।
पुलिस ने घायल आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया है। उसके कब्जे और उसके खिलाफ दर्ज मामलों की भी जांच की जा रही है। पुलिस अब इरफान हत्याकांड में उसकी भूमिका के साथ ही उसके आपराधिक नेटवर्क और पूर्व में दर्ज मामलों के संबंध में भी पूछताछ कर रही है।




