पालघर में मूसलाधार बारिश से जनजीवन प्रभावित, कई मार्ग बंद; प्रशासन अलर्ट पर

कांती जाधव/महाराष्ट्र स्टेट हेड
पालघर/महाराष्ट्र। जिले में बुधवार सुबह से लगातार हो रही बारिश के चलते जनजीवन आंशिक रूप से प्रभावित हुआ है। सुबह 8 से 10 बजे के बीच प्राप्त रिपोर्टों के अनुसार जिले में कहीं भी बाढ़ की स्थिति नहीं है और किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है, लेकिन कई स्थानों पर पुलों के ऊपर से पानी बहने, सड़कों पर जलभराव और भूस्खलन के कारण यातायात बाधित हुआ है। नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने प्रभावित मार्गों पर आवागमन अस्थायी रूप से बंद कर दिया है।
जिला प्रशासन, पुलिस विभाग, अग्निशमन विभाग और अन्य संबंधित एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और राहत एवं बचाव के लिए आवश्यक तैयारियां रखी गई हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि स्थिति नियंत्रण में है, हालांकि एहतियात के तौर पर संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
बारिश के चलते जिले के कई हिस्सों में यातायात प्रभावित हुआ है। पालघर के मसवान क्षेत्र में पुल पर पानी भर जाने से आवागमन बाधित हो गया है। मनोर क्षेत्र में मसवान ब्रिज के पास पालघर की ओर जाने वाली सड़क तथा भोपोली मार्ग बंद कर दिया गया है। बोईसर-सारावली मार्ग पर भी यातायात रोक दिया गया है, जबकि वाणगाव-चिंचानी मार्ग पर आवागमन पूरी तरह ठप है। तारापुर बाईपास पर जलभराव के कारण वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई है।
दहानू क्षेत्र में आशागढ़, चारी गंगाज, सरावली बस डिपो, ईरानी रोड, सागर नाका, ककराडी ब्रिज और दहानू-कोसबाद मार्ग पर जलभराव के चलते यातायात निलंबित कर दिया गया है। घोलवड क्षेत्र में झाई-बोर्डी चिखली-घोलवड मार्ग भी बंद है। तलासरी में सूत्रकार-कुझे, तलासरी-संजन, बोरासपाड-नारायण ठाणे और धुंदलवाड़ी-अम्बेसरी मार्गों पर आवागमन प्रभावित हुआ है।
कासा क्षेत्र में कासा-चारोटी मार्ग पर यातायात एक दिशा में चलाया जा रहा है, जबकि साईवान-वाघाड़ी मार्ग बंद कर दिया गया है। विक्रमगढ़ के शिल-देहेरजे पुल पर पानी भरने से आवागमन बाधित है। जवाहर-झप मार्ग पर पुल के ऊपर से पानी बहने के कारण यातायात रोक दिया गया है। मोखाड़ा के धामोदी क्षेत्र में भूस्खलन के चलते सड़क बंद है, वहीं वाडा के ब्रह्मंगांव-कुझे पुल पर जलभराव के कारण यातायात प्रभावित हुआ है।
हालांकि सफाले, केलवा और सतपति पुलिस थाना क्षेत्रों में लगातार बारिश के बावजूद न तो बाढ़ की स्थिति बनी है और न ही किसी प्रकार की अप्रिय घटना सामने आई है। जिले में कानून व्यवस्था पूरी तरह सामान्य बनी हुई है।
जिला कलेक्टर डॉ. इंदु रानी जाखड़ ने नागरिकों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें, जलमग्न सड़कों और बंद मार्गों से न गुजरें तथा प्रशासन और पुलिस द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन चौबीसों घंटे स्थिति पर नजर रखे हुए है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी आवश्यक संसाधन तैयार रखे गए हैं।
प्रशासन ने लोगों से अफवाहों और भ्रामक सूचनाओं से दूर रहने तथा केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही भरोसा करने की अपील की है। साथ ही आश्वस्त किया गया है कि बाढ़ या अन्य आपात स्थिति से संबंधित अपडेट समय-समय पर नागरिकों को उपलब्ध कराए जाते रहेंगे।




