पीएफडब्ल्यूएस ने दिल्ली पुलिस मुख्यालय के आदर्श ऑडिटोरियम में भव्यता के साथ मनाया 54वां स्थापना दिवस

पीएफडब्ल्यूएस ने पुलिस मुख्यालय स्थित आदर्श ऑडिटोरियम में 54वां स्थापना दिवस भव्यता से मनाया। दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता मुख्य अतिथि रहीं और संगठन के शिक्षा, स्वास्थ्य व कौशल विकास के प्रयासों की सराहना की। अध्यक्ष श्रीमती रचना गोलछा ने विशेष बच्चों के लिए जल्द शुरू होने वाले *किरण – ए रे ऑफ होप* कार्यक्रम सहित कई योजनाओं की जानकारी दी। समारोह में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, पत्रिका *कोशिश एक आशा* का विमोचन और उत्कृष्ट कल्याण केंद्रों को पुरस्कार प्रदान किए गए। यह आयोजन पुलिस परिवारों के कल्याण और सशक्तिकरण के प्रति पीएफडब्ल्यूएस की प्रतिबद्धता का प्रतीक बना।

नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस परिवार कल्याण सोसाइटी (पीएफडब्ल्यूएस) ने अपना 54वां स्थापना दिवस भव्यता और गरिमा के साथ पुलिस मुख्यालय स्थित आदर्श ऑडिटोरियम में मनाया। इस अवसर पर दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। समारोह का आयोजन पीएफडब्ल्यूएस की अध्यक्ष श्रीमती रचना गोलछा के नेतृत्व में हुआ, जिसमें पूर्व अध्यक्षों, वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों, कोर कमेटी सदस्यों और विशिष्ट अतिथियों ने भाग लिया। दिल्ली पुलिस परिवारों के सभी 14 कल्याण केंद्रों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी कर एकता और सामूहिक गर्व का परिचय दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई और इसके बाद दिल्ली पुलिस परिवारों तथा डीपीपीएस स्कूल, वजीराबाद के छात्रों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने समारोह को जीवंत बना दिया। इस अवसर पर पीएफडब्ल्यूएस की वार्षिक पत्रिका *कोशिश एक आशा* के 10वें संस्करण का विमोचन और डिजिटल संस्करण का शुभारंभ किया गया।
मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने अपने संबोधन में पीएफडब्ल्यूएस द्वारा शिक्षा, कौशल विकास, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। उन्होंने संगठन को पुराने कपड़ों के पुनर्चक्रण जैसे नवाचारों को अपनाने की सलाह दी और पुलिस परिवारों के कल्याण के लिए निरंतर सहयोग का आश्वासन दिया।
अध्यक्ष श्रीमती रचना गोलछा ने पीएफडब्ल्यूएस की प्रतिबद्धता दोहराते हुए सूतरा एम्ब्रॉयडरी सेंटर, जूट उत्पाद निर्माण पाठ्यक्रम और विशेष बच्चों के लिए जल्द शुरू होने वाले *किरण – ए रे ऑफ होप* कार्यक्रम की जानकारी दी। उन्होंने स्वास्थ्य शिविर, योगा, ज़ुम्बा, संगीत प्रशिक्षण और डिजिटल लर्निंग जैसी गतिविधियों का उल्लेख किया।
समारोह में पीएफडब्ल्यूएस की वर्षों की पहल को दर्शाने वाला ऑडियो-वीडियो प्रस्तुतीकरण भी हुआ। आठ महीनों में आयोजित 23 निःशुल्क स्वास्थ्य शिविरों के लिए प्रमुख अस्पतालों के विशेषज्ञों को सम्मानित किया गया। इसके अलावा विभिन्न संस्थाओं और सहयोगी संगठनों को भी योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में योगदान के लिए डीपीपीएस स्कूल, वजीराबाद के प्रमुख को भी सम्मानित किया गया। उत्कृष्टता की पहचान में मॉडल टाउन कल्याण केंद्र को सर्वश्रेष्ठ केंद्र का पुरस्कार दिया गया, जबकि मालवीय नगर को दूसरा स्थान और नरेला व ज्योति नगर को संयुक्त रूप से तीसरा स्थान मिला। यह आयोजन पीएफडब्ल्यूएस की करुणा, सहयोग और सामुदायिक सेवा की स्थायी विरासत का प्रतीक बना, जिसने पुलिस परिवारों के जीवन को समृद्ध बनाने के संकल्प को पुनः पुष्ट किया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button