बदायूं में जिंदा महिला का जारी कर दिया मृत्यु प्रमाण पत्र
अधिकारियों के सामने पहुंची महिला फिर भी नहीं किया भरोसा

बदायूं/उत्तर प्रदेश। बदायूं जिले से एक अजब-गजब मामला सामने आया है। यहां एक महिला खुद को जिंदा साबित करने के लिए अफसरों के दर पर भटक रही है और न्याय की गुहार लगा रही है। महिला का फर्जी तरीके से मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने वाला कोई और नहीं बल्कि उसका पति है। पत्नी के नाम में दर्ज 8 बीघा जमीन हड़पने की नीयत रखकर बैठा है। फिलहाल अफसर पीड़िता को जिंदा रहते हुए मृत्यु प्रणाम पत्र जारी कर देने के मामले में छानबीन का हवाला दे रहे है।पीड़ित महिला सर्वेश कुमारी उर्फ मधु सरकारी अस्पताल में एएनएम है। महिला का आरोप है कि उसके नाम पर 8 बीघा जमीन है। आरोपी पति ने जमीन हड़पने के चलते उसका फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने की साजिश सचिव और लेखपाल की मिली भगत से रची है। दरअसल मामला जिले की दातागंज तहसील क्षेत्र का है। यहां की रहने वाली पीड़ित महिला मधु चौहान प्राथमिक सामुदायिक स्वास्थ्य के पर एएनएम के पद पर तैनात है।
आरोप है कि उसका ससुराल क्षेत्र के कोड़ा जयकरन गांव में है। महिला का कहना है कि काफी समय से उसका पति से किसी बात को लेकर मतभेद चल रहा था। नौकरी के दौरान महिला ने अपने गांव कोड़ा जयकरन में आठ बीघा जमीन खरीदी थी। महिला और उसके बेटे ने आरोप लगाया कि आरोपी पति ने सचिव और लेखपाल से मिली भगत कर उसका फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करा लिया। जमीन की अपने नाम में बिरासत दर्ज करा ली। पीड़ित महिला को इसका पता चला तब उसके होश उड़ गए।
जब महिला पति के घर पहुंची तो आरोपी ने उसे धमकाते हुए भगा दिया है। इसके बाद से महिला खुद को जिंदा साबित करने के लिए अफसरों के सामने दर-दर भटक रही है और न्याय की गुहार लगा रही है। फिलहाल अफसर मामले की जांच पड़ताल का हवाला देते नजर आ रहे है। वहीं बड़ा सवाल ये है कि बदायूं तहसील प्रशासन ने बिना जांच के पीड़ित महिला का मृत्यु प्रणाम पत्र कैसे जारी कर दिया।



