मानसरोवर पार्क मेट्रो स्टेशन के नीचे नुक्कड़ नाटक के द्वारा सड़क सुरक्षा का दिया गया संदेश
मानसरोवर पार्क मेट्रो स्टेशन के नीचे युग संस्कृति न्यास और एफकॉन स्ट्रैबाग के सहयोग से ‘सुरक्षित सफर’ सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम के तहत नुक्कड़ नाटक आयोजित किया गया। कलाकारों ने तेज रफ्तार, लापरवाही से वाहन चलाने, नाबालिगों के वाहन चलाने और यातायात नियमों की अनदेखी के खतरों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर सुरक्षित एवं जिम्मेदार यातायात व्यवहार का संदेश दिया।

राजीव कुमार गौड़/दिल्ली स्टेट हेड
पूर्वी दिल्ली। ईस्टर्न रेंज की डीसीपी श्वेता सिंह चौहान के निर्देशन में मानसरोवर पार्क मेट्रो स्टेशन के नीचे युग संस्कृति न्यास एवं एफकॉन स्ट्रैबाग के सहयोग से ‘सुरक्षित सफर’ सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम के तहत विशेष नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस की सड़क सुरक्षा जागरूकता पहल के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम में ट्रैफिक इंस्पेक्टर संजय द्विवेदी और उनकी टीम का भी सहयोग रहा। कार्यक्रम का उद्देश्य आम नागरिकों को सड़क पर सुरक्षित और जिम्मेदार व्यवहार के प्रति जागरूक करना रहा।
युग संस्कृति न्यास की विशेषज्ञ नुक्कड़ नाटक टीम ने अपनी रचनात्मक और संवादात्मक प्रस्तुति के माध्यम से सड़क सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों को आम लोगों के बीच प्रभावशाली तरीके से रखा। करीब 200 लोगों ने कार्यक्रम में सहभागिता की और कलाकारों की प्रस्तुति के माध्यम से यातायात नियमों के पालन तथा सड़क पर सावधानी बरतने का संदेश प्राप्त किया।
नुक्कड़ नाटक के दौरान तेज रफ्तार में वाहन चलाने, लापरवाही से ड्राइविंग करने, नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने और यातायात नियमों की अनदेखी जैसे गंभीर विषयों को मनोरंजक एवं प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया गया। कलाकारों ने विभिन्न दृश्यों और संवादों के माध्यम से लोगों को समझाया कि छोटी सी लापरवाही भी सड़क हादसे का कारण बन सकती है। साथ ही वाहन चलाते समय निर्धारित गति का पालन करने, यातायात संकेतों पर ध्यान देने और सड़क पर अन्य लोगों की सुरक्षा का भी ध्यान रखने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में विशेष रूप से नाबालिगों को वाहन चलाने से रोकने की जरूरत पर जोर दिया गया। लोगों को बताया गया कि कम उम्र में वाहन चलाना न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि इससे चालक और सड़क पर मौजूद अन्य लोगों की सुरक्षा भी प्रभावित हो सकती है। इसी तरह ओवरस्पीडिंग और यातायात नियमों की अनदेखी को सड़क दुर्घटनाओं के प्रमुख जोखिमों से जोड़ते हुए सुरक्षित ड्राइविंग व्यवहार अपनाने की अपील की गई।
नुक्कड़ नाटक की आकर्षक प्रस्तुति के दौरान कलाकारों ने दर्शकों से संवाद भी किया, जिससे कार्यक्रम में मौजूद लोगों की भागीदारी बनी रही। रचनात्मक तरीके से प्रस्तुत किए गए सड़क सुरक्षा संदेशों ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। उपस्थित लोगों ने कार्यक्रम को जानकारीपूर्ण और प्रभावी बताते हुए सड़क सुरक्षा से जुड़े संदेशों की सराहना की।
आयोजकों के अनुसार, ‘सुरक्षित सफर’ कार्यक्रम का उद्देश्य केवल यातायात नियमों की जानकारी देना नहीं, बल्कि लोगों में सड़क पर जिम्मेदारी के साथ व्यवहार करने की आदत विकसित करना है। ऐसे रचनात्मक जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से आम नागरिकों को सुरक्षित यातायात व्यवहार के लिए प्रेरित किया जा रहा है, ताकि सड़क दुर्घटनाओं के जोखिम को कम करने और सुरक्षित सड़क वातावरण तैयार करने में लोगों की भागीदारी बढ़ाई जा सके।




