खखरेरू थाना पुलिस ने वांछित वारंटी को किया गिरफ्तार,न्यायालय में किया गया पेश
फतेहपुर के खखरेरू थाना पुलिस ने पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए जा रहे वांछित एवं वारंटी गिरफ्तारी अभियान के तहत आलमपुर गेरिया निवासी मनोज कुमार (46) को गिरफ्तार किया। वह वर्ष 2020 के एक मामले में न्यायालय से वांछित था और उसकी पेशी 20 अगस्त को न्यायिक मजिस्ट्रेट खागा के न्यायालय में निर्धारित थी।

संवाददाता/सत्येंद्र शुक्ला
फतेहपुर/उत्तर प्रदेश। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जनपद में वांछित एवं वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत खखरेरू थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक वारंटी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया।
पुलिस के अनुसार, क्षेत्राधिकारी खागा के पर्यवेक्षण तथा खखरेरू थानाध्यक्ष सत्यपाल सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम वांछित एवं वारंटियों की तलाश में अभियान चला रही थी। इसी क्रम में उपनिरीक्षक अखिलेश प्रसाद ने हमराही पुलिसकर्मियों के साथ बुधवार को ग्राम आलमपुर गेरिया में दबिश दी। यहां से पुलिस ने मनोज कुमार पुत्र मदनचन्द्र, उम्र 46 वर्ष को दोपहर करीब 12:05 बजे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार वारंटी थाना खखरेरू में पंजीकृत मुकदमा अपराध संख्या 03/2020, धारा 434 भारतीय दंड संहिता से संबंधित केस संख्या 4115/2024 में न्यायालय से वांछित चल रहा था। उक्त मामले में न्यायिक मजिस्ट्रेट खागा न्यायालय में उसकी पेशी के लिए 20 अगस्त की तारीख निर्धारित थी। वारंट के अनुपालन में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी की और उसे न्यायालय के समक्ष पेश करने के लिए भेज दिया। पुलिस का कहना है कि जनपद में वारंटियों एवं वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, गिरफ्तार मनोज कुमार के खिलाफ थाना खखरेरू में एक अन्य मामला भी पहले से दर्ज है। इसमें मुकदमा अपराध संख्या 92/2020 के तहत भारतीय दंड संहिता की धाराओं 147, 323, 325, 504 और 506 तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम की धाराओं 3(1)द और 3(1)ध के तहत अभियोग पंजीकृत बताया गया है।
वारंटी की गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में खखरेरू थानाध्यक्ष सत्यपाल सिंह, उपनिरीक्षक अखिलेश प्रसाद तथा आरक्षी प्रिन्स प्रजापति शामिल रहे। पुलिस अधिकारियों के अनुसार न्यायालय से जारी वारंटों के अनुपालन के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा।




