जल संसाधन विभाग कार्यालय चपरासी के भरोसे संचालित, व्यवस्था पर उठे सवाल

एमसीबी/छत्तीसगढ़। एमसीबी जिले के खड़गवां विकास खंड में जल संसाधन विभाग का स्थानीय कार्यालय इन दिनों अव्यवस्था का शिकार बताया जा रहा है। आरोप है कि विभागीय अधिकारी और जिम्मेदार कर्मचारी नियमित रूप से कार्यालय में उपस्थित नहीं रहते, जिसके कारण पूरा कार्यालय एक चपरासी के भरोसे संचालित हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सिंचाई, नहर मरम्मत, जल वितरण और किसानों की शिकायतों से जुड़े महत्वपूर्ण कार्यों के लिए जब वे कार्यालय पहुंचते हैं, तो उन्हें संबंधित अधिकारी नहीं मिलते। कई बार आवेदन और शिकायत पत्र चपरासी को ही सौंपने पड़ते हैं, जो आगे बढ़ाने का आश्वासन देता है।
ग्रामीणों और किसानों ने बताया कि रबी फसल के दौरान पानी की आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं के समाधान में देरी हो रही है। उनका आरोप है कि अधिकारियों की अनुपस्थिति के कारण फाइलें लंबित पड़ी हैं और कार्यों की मॉनिटरिंग नहीं हो पा रही है।
सूत्रों के अनुसार कार्यालय में पदस्थ कुछ कर्मचारी लंबे समय से नियमित उपस्थिति दर्ज नहीं करा रहे हैं। इससे विभागीय कामकाज प्रभावित हो रहा है और आम नागरिकों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में जब विभागीय अधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की गई तो स्पष्ट जवाब नहीं मिल सका। वहीं, कुछ कर्मचारियों का कहना है कि स्टाफ की कमी और अतिरिक्त प्रभार के कारण यह स्थिति बनी हुई है। स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि कार्यालय की कार्यप्रणाली की जांच कर नियमित उपस्थिति सुनिश्चित की जाए, ताकि जल प्रबंधन और सिंचाई से जुड़े कार्य समय पर पूरे हो सकें। जनहित से जुड़े महत्वपूर्ण विभाग के इस हालात ने प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े कर दिए हैं।




