जूठी प्लेट से कपड़े खराब होने पर वेटर की ली जान

लोनी/गाजियाबाद। लोनी में सगाई समारोह में वेटर के रूप में काम कर रहे पंकज ( 26) की सिर्फ इतनी सी बात पर जान ले ली गई कि एक जूठी प्लेट दूल्हे के मौसेरे भाई के कपड़ों को छू गई और प्लेट में रखी सब्जी से उसके कपड़े खराब हो गए। इसी पर तिलमिलाए लोगों ने पंकज को बर्बरता से पीटा। मरणासन्न हालत में पहुंच जाने पर उसे ले जाकर गढ़ी कटैया के जंगल में फेंक दिया। वहां तड़पते हुए उसकी मौत हो गई।
घटना खजुरी पुश्ता मार्ग स्थित मैरिज होम सीजीएस वाटिका में 17 नवंबर की शाम को हुई थी। 18 को गढ़ी कटैया के जंगल में शव मिला था। डीएलएफ की शंकर विहार काॅलोनी के निवासी पंकज के रूप में उसकी शिनाख्त 19 को हुई थी, लेकिन गेस्ट हाउस के संचालक से लेकर कर्मचारी तक ने हत्या के रहस्य पर अपनी खामोशी का पर्दा डाल रखा था।
पुलिस ने समारोह में आए 40 लोगों से पूछताछ की, तब जाकर सच्चाई का पता चल सका। इसके बाद मैरिज होम के संचालक मनोज गुप्ता, कर्मचारी अमित और अजय को हिरासत में ले लिया।
एक अन्य आरोपी ऋषभ फरार है। एसीपी रवि प्रकाश सिंह ने बताया कि तीनों ने अपना जुर्म कुबूल कर लिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पंकज की मौत का कारण सिर में गहरी चोट लगना आया था। शरीर पर चोटों के और भी निशान मिले।
एसीपी ने घटनाक्रम के बारे में बताया कि सीजीएस वाटिका में लग्न सगाई का समारोह चल रहा था। पंकज ठेकेदार सर्वेश के माध्यम से आया था। उसे 500 रुपये मिलने थे। समारोह करीब छह बजे खत्म हो गया था। इसके बाद लड़के पक्ष के लोग शराब पी रहे थे। सात बजे पंकज इधर-उधर रखी जूठी प्लेट को इकट्ठा करने के बाद उठाकर ले जा रहा था।
इसी दौरान एक प्लेट दूल्हे के मौसेरे भाई ऋषभ के कपड़ों पर लग गई। इसी पर उसने पंकज को पीटना शुरू कर दिया। इसका पता चलने पर मैरिज होम का संचालक विनोद गुप्ता भी पहुंच गया। ऋषभ के साथ वह भी पंकज को पीटने लगा। मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि पंकज हाथ जोड़कर माफी मांगने लगा। उसने ऋषभ के पैर भी पकड़ लिए, लेकिन वे लोग उसे पीटते ही रहे।
मरणासन्न हालत में पहुंचकर पंकज बेहोश हो गया और गिर पड़ा। इस पर मनोज गुप्ता ने अमित और अजय को फोन करके बुलाया। मनोज के कहने पर दोनों ने पंकज को गढ़ी कटैया के जंगल में ले जाकर फेंक दिया। वहां उसकी मौत हो गई।
वेटर के परिवार पर बनाया समझौते का दबाव
पंकज के परिजनों ने पुलिस को बताया कि हत्या के आरोपी उन पर दबाव बना रहे हैं। कह रहे हैं कि कुछ पैसे ले लो और लिखकर दे दो कि बेटे की मौत स्वभाविक हुई है, उसकी हत्या नहीं की गई। उन्होंने मना कर दिया, लेकिन वे लोग मान नहीं रहे। उनके घर पर कई लोग आ चुके हैं। इससे डरकर वे घर पर ताला लगाकर रिश्तेदार के यहां रह रहे हैं।
उन्होंने अपने मोबाइल फोन भी स्विच ऑफ कर लिए हैं। पंकज के परिवार में पत्नी रचना और बेटी हरसिता है। करीब सात साल पहले पंकज की शादी हुई थी। एसीपी रवि प्रकाश सिंह ने बताया कि जिस वाटिका में समारोह चल रहा था, उस समारोह की वीडियो फुटेज भी देखी जा रही है।




