स्वामी दयानंद अस्पताल में पैरामेडिकल स्टाफ ने एक बार फिर किया प्रदर्शन
दिल्ली नगर निगम के अस्पताल स्वामी दयानंद अस्पताल में पैरामेडिकल और नर्सिंग स्टाफ ने सांकेतिक हड़ताल कर अपनी नाराज़गी जताई

राजीव कुमार गौड़/दिल्ली ब्यूरो। दिल्ली नगर निगम के अस्पताल स्वामी दयानंद अस्पताल में पैरामेडिकल और नर्सिंग स्टाफ ने सांकेतिक हड़ताल कर अपनी नाराज़गी जताई। स्टाफ का कहना है कि अस्पताल में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन पिछले कई वर्षों से स्टाफ की संख्या नहीं बढ़ाई गई। अस्पताल में रोज़ाना करीब 3000 मरीज इलाज के लिए ओपीडी पहुंचते हैं, जिससे मौजूदा स्टाफ पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।
आज सोमवार के दिन स्वामी दयानंद अस्पताल में एक बार फिर नर्सिंग स्टाफ ने स्टाफ शॉर्टेज की वजह से सुबह शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन किया। हस्पताल प्रशासन को भी पहले ही अवगत करा दिया गया था। जैसा कि गत सितम्बर के महीने में होने वाले प्रदर्शन में भी बताया गया था कि स्वामी दयानंद अस्पताल गत कई वर्षों से नर्सिंग स्टाफ की कमी के कारण होने वाली परेशानियों से जूझ रहा है जबसे एमसीएच ब्लॉक का निर्माण हुआ इसके लिए कोई नई नियुक्ति नहीं की गईं और इन्हीं मौजूदा स्टाफ से नई बिल्डिंग मैं कार्य किया जा रहा है । इस वजह से सही तरीके से मरीजो की तीमारदारी नहीं हो पा रही है। इतना ही नहीं स्टाफ को मजबूरी में डबल शिफ्ट करनी पड़ती है जिसके कारण उनकी भी तबियत बिगड़ती है। प्रशासन को बार बार इस बारे में अवगत भी कराया गया लेकिन प्रशासन की तरफ से केवल आश्वासन ही मिलते हैं और धरातल पर कोई काम हुआ ही नहीं है। इसीलिए सोमवार 17 नवंबर को फिर से स्वामी दयानंद अस्पताल में नर्स की भारी कमी को लेकर विरोध प्रदर्शन किया गया यह प्रदर्शन अस्पताल प्रशासन के खिलाफ सुबह 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक किया गया।
नर्सेज वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष पुनीत उपाध्याय ने बताया कि यह प्रदर्शन नर्सेज की भारी कमी को लेकर और और पिछले बकाया रहे अन्य भत्ते न मिलने और अन्य मिलने वाली सुविधाओं से वंचित रहने की वजह किया गया है इससे पहले भी 25 सितंबर से 29 सितंबर के विरोध प्रदर्शन किया गया तब यह विरोध प्रदर्शन प्रशासन के आश्वासन के बाद स्थगित कर दिया गया था लेकिन इतने दिनों के बाद भी कोई ठोस समाधान नहीं मिलने के कारण मजबूरी में यह प्रदर्शन करना पड़ा ,इस शांतिपूर्वक प्रदर्शन में अस्पताल के समस्त सीनियर नर्सिंग ऑफिसर एवं नर्सिंग ऑफिसर उपस्थित थे उन्होंने अपनी मांगों के लिए प्रशासन के सामने अपनी बातें रखी।
नर्सिंग एसोसिएशन अध्यक्ष पुनीत उपाध्याय ने चेतावनी दी कि यदि नगर निगम ने जल्द ठोस कदम नहीं उठाए तो वे मजबूरन पूर्ण हड़ताल करेंगे। उन्होंने कहा, स्टाफ स्ट्रेंथ बढ़ाए बिना हालात सुधरने वाले नहीं हैं। यह सिर्फ स्टाफ की ही नहीं बल्कि मरीजों के जीवन से जुड़ा सवाल है। वहीं, एसोसिएशन की महासचिव नम्रता ने कहा कि विभागीय कार्यभार और मरीजों की संख्या हर साल बढ़ रही है, लेकिन भर्ती रुकी हुई है। इसके चलते नर्सिंग स्टाफ पर काम का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है और सेवाओं की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है।




