शाहदरा में फर्जी शैक्षणिक प्रमाणपत्र रैकेट का भंडाफोड़, तीन आरोपी गिरफ्तार
शाहदरा पुलिस ने 10वीं और 12वीं की फर्जी मार्कशीट और सर्टिफिकेट बनाने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने लैपटॉप, प्रिंटर और जाली दस्तावेज बनाने का सामान बरामद किया। आरोपियों ने 100 से अधिक फर्जी प्रमाण पत्र बेचने की बात कबूल की।

राजीव कुमार गौड़/दिल्ली स्टेट हेड
दिल्ली ब्यूरो। शाहदरा जिला पुलिस की स्पेशल स्टाफ टीम ने फर्जी शैक्षणिक प्रमाणपत्र और मार्कशीट तैयार कर सप्लाई करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से फर्जी 10वीं और 12वीं की मार्कशीट, एक लैपटॉप, प्रिंटर और जालसाजी में इस्तेमाल होने वाले अन्य उपकरण बरामद किए हैं।
पुलिस के अनुसार 30 जून 2026 को स्पेशल स्टाफ को गुप्त सूचना मिली थी कि शाहदरा निवासी नवनीत त्यागी फर्जी शैक्षणिक प्रमाणपत्र और मार्कशीट तैयार कर लोगों को उपलब्ध कराता है। सूचना के आधार पर मामले की पुष्टि के लिए पुलिस ने एक कर्मचारी को डिकॉय ग्राहक बनाकर आरोपी से संपर्क कराया। व्हाट्सएप के माध्यम से उसकी फोटो, 10वीं की मार्कशीट और आधार कार्ड भेजकर 12वीं की फर्जी मार्कशीट तैयार कराने का प्रयास किया गया।
इसके बाद 17 जुलाई 2026 को इंस्पेक्टर आशीष कुमार के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन कर जीटी रोड स्थित मिराज सिनेमा, विकास मॉल के पास छापेमारी की गई, जहां से नवनीत त्यागी को गिरफ्तार कर लिया गया। तलाशी के दौरान उसके पास से 10वीं और 12वीं की दो फर्जी मार्कशीट बरामद हुईं। इस संबंध में थाना शाहदरा में बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पूछताछ के दौरान आरोपी नवनीत त्यागी ने अपने दो साथियों सबाब आलम और फरीद अहमद सैफी के नाम उजागर किए। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दोनों को भी गिरफ्तार कर लिया। इनके कब्जे से एक लैपटॉप, प्रिंटर और फर्जी दस्तावेज तैयार करने में प्रयुक्त अन्य उपकरण बरामद किए गए।
जांच में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे लंबे समय से फर्जी शैक्षणिक प्रमाणपत्र बनाने का धंधा कर रहे थे और अब तक करीब 100 से 150 फर्जी 10वीं और 12वीं की मार्कशीट तैयार कर विभिन्न लोगों को बेच चुके हैं। प्रत्येक प्रमाणपत्र के लिए वे 5,000 से 10,000 रुपये तक वसूलते थे।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ‘ग्रामीण मुक्त विद्यालय शिक्षा संस्थान’ के एक्सपायर्ड रजिस्ट्रेशन का दुरुपयोग कर बैकडेट में प्रमाणपत्र और मार्कशीट जारी कर रहे थे, जिससे अभ्यर्थियों और अधिकारियों को गुमराह किया जा सके।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नवनीत त्यागी (53), निवासी ईस्ट रोहताश नगर, शाहदरा; सबाब आलम (41), निवासी राजनगर एक्सटेंशन, गाजियाबाद; और फरीद अहमद सैफी (49), निवासी विजय पार्क, मौजपुर के रूप में हुई है।
पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई से फर्जी शैक्षणिक दस्तावेजों के अवैध नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। मामले की आगे की जांच जारी है और इस रैकेट से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है। दिल्ली पुलिस ने कहा कि इस तरह की कार्रवाई से शैक्षणिक प्रमाणपत्रों की विश्वसनीयता बनाए रखने और धोखाधड़ी व जालसाजी पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।




