रतनपुर में जलभराव से जनजीवन बेहाल, निकासी व्यवस्था ठप; तीन साल पहले बच्चे की डूबकर मौत, अब भी नहीं हुआ समाधान

संवाददाता/सत्येंद्र शुक्ला
फतेहपुर/उत्तर प्रदेश। जिले के धाता विकासखंड की ग्राम पंचायत रतनपुर में जल निकासी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण ग्रामीणों का जीवन नारकीय बना हुआ है। बारिश होते ही पूरे मोहल्ले में जलभराव की गंभीर स्थिति पैदा हो जाती है, जिससे आमजन को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्थिति यह है कि आरसीसी सड़क तक पानी में डूब जाती है और आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता है।
स्थानीय ग्रामीणों ने मंगलवार को जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपकर समस्या के स्थायी समाधान की मांग की। शिकायतकर्ताओं में जमीर अहमद, नसीम अहमद, जमील अहमद, मोहम्मद अहमद, परवीन अंसारी, अबरार अली, कमला देवी, अमरनाथ, कमलेश सहित कई लोग शामिल रहे। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार प्रशासन से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
ग्रामीणों के अनुसार, जलभराव के कारण बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, वे स्कूल नहीं जा पाते, वहीं बीमारों को अस्पताल ले जाने में भी भारी कठिनाई होती है। गंदा पानी घरों के आसपास जमा रहने से संक्रामक बीमारियों का खतरा भी लगातार बना रहता है।
ग्रामीणों ने एक दर्दनाक घटना का जिक्र करते हुए बताया कि लगभग तीन वर्ष पहले मोहल्ले के अतीक अहमद के ढाई वर्षीय पुत्र आसिफ अली की पानी से भरे गड्ढे में डूबने से मौत हो गई थी। उस समय कई अधिकारी मौके पर पहुंचे और समाधान का आश्वासन दिया गया, लेकिन आज तक स्थिति जस की तस बनी हुई है।
ग्रामीणों का आरोप है कि हर बारिश में वही हालात दोहराए जाते हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी समस्या को लेकर गंभीर नहीं हैं। उन्होंने मांग की है कि रतनपुर में तत्काल पक्की नालियों का निर्माण कर जल निकासी की प्रभावी व्यवस्था कराई जाए, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की अनहोनी से बचा जा सके।
मामले में धाता के खंड विकास अधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका फोन नहीं उठा। वहीं मुख्य विकास अधिकारी फतेहपुर पवन कुमार ने बताया कि मामले की जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।




