दुकानदार और बेटों की पिटाई करने वाले दो पुलिसकर्मी निलंबित, एसएसआई और दो सिपाही लाइन हाजिर

अमरोहा/उत्तर प्रदेश। रजबपुर में दुकानदार शम्शुद्दीन और उनके दो बेटे साकिब व शहादत के साथ मारपीट करने वाले दो पुलिसकर्मियों को एसपी अमित कुमार आनंद ने निलंबित कर दिया है। इसके अलावा रजबपुर थाने के एसएसआई और दो सिपाहियों को लाइन नजर किया है।
सभी पुलिसकर्मियों ने दुकानदार और उसके बेटे की बेरहमी से पिटाई की थी। साकिब की हालत गंभीर बनी हुई है। उसकी आंख में भी जख्म है। बृहस्पतिवार की रात शम्शुद्दीन और उनके बेटे शाकिब व शहादत दुकान पर थे। रात करीब 11 बजे एक कार दुकान पर आकर रुकी।
जिससे चार लोग उतरे। आरोप है कि चारों शराब के नशे में थे और खुद को पुलिसकर्मी बता रहे थे। इस बीच शम्शुद्दीन और पुलिसकर्मियों के बीच कहासुनी हो गई। जिस पर चारों ने मारपीट शुरू कर दी। शम्शुद्दीन के मुताबिक उनके बेटे शाकिब को चारों ने पकड़ लिया और उसकी बेरहमी से पिटाई की।
इस पर जब शहादत ने वीडियो बनाना शुरू किया तो उसे भी दौड़ा कर पीटा। करीब पंद्रह मिनट तक सिपाही दुकान पर हंगामा करते रहे। इस दौरान किसी तरह शहादत ने मारपीट और गाली-गलौज की वीडियो बना लिया। लोगों की भीड़ जमा होने पर चारों पुलिस कर्मी तीनों पिता-पुत्र को थाने ले आए।
सूचना मिलते ही आक्रोशित ग्रामीण थाने पहुंचे और हंगामा किया। ग्रामीणों का जमावड़ा देखकर पुलिसकर्मियों ने तीनों को छोड़ दिया। बाद में दुकानदार के बेटों से मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। पीड़ित शम्शुद्दीन ने मामले की शिकायत एसपी अमित कुमार आनंद से की।
वहीं, सदर विधायक महबूब अली ने भी पुलिस कर्मियों के गलत रवैये को लेकर नाराजगी जताई। एसपी अमित कुमार आनंद ने बताया कि दुकानदार और उसके बेटों से मारपीट के मामले में सीओ सिटी शक्ति सिंह से जांच कराई गई। जिसमें कांस्टेबल राहुल भाटी व विजय दोषी पाए गए।
एसएसआई आकाश कुमार, कांस्टेबल राहुल राणा और दीपक तोमर ने भी कार्य में लापरवाही बरती। मामले को गंभीरता से लेकर कांस्टेबल राहुल भाटी और विजय को निलंबित कर दिया गया है। एसएसआई आकाश कुमार, सिपाही राहुल राणा और दीपक तोमर को लाइन हाजिर किया गया है। पांचों पुलिस कर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच करने के लिए सीओ लाइन को निर्देश दिए गए हैं।




