गाजियाबाद में रहने वालों के लिए खुशखबरी, प्रॉपर्टी टैक्स पर 20% की छूट

गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में नगर निगम ने करदाताओं को राहत देते हुए संपत्ति कर में 20 प्रतिशत छूट की समयावधि को 30 सितंबर 2025 तक बढ़ाने का निर्णय लिया है। यह छूट केवल उन करदाताओं को मिलेगी जो एकमुश्त संपत्ति कर जमा करेंगे। नए बिल जारी कर इस सुविधा को लागू किया जाएगा।
नगर निगम के मुख्य कर निर्धारण अधिकारी डॉ. संजीव सिन्हा ने बताया कि नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के निर्देश पर यह कदम उठाया गया है। करदाताओं को 20 प्रतिशत छूट का लाभ देने के लिए नए सिरे से संपत्ति कर के बिल भेजे जाएंगे। यह निर्णय पार्षदों के विरोध और धरने के बाद लिया गया, जिन्होंने छूट की अवधि बढ़ाने की मांग की थी।
पिछले दिनों पार्षदों ने नगर निगम के खिलाफ धरना दिया था। दरअसल, निगम ने पहले 20 प्रतिशत छूट का वादा किया था, लेकिन 10 प्रतिशत छूट के बिल जारी किए जा रहे थे। इस पर पार्षदों ने कड़ी नाराजगी जाहिर की और बिलों पर रोक लगाने की मांग की।
इसके अलावा, नगर निगम की बोर्ड बैठक में डीएम सर्किल रेट के आधार पर संपत्ति कर वसूली का प्रस्ताव निरस्त होने के बावजूद बैठक के मिनट्स उपलब्ध न होने से भी पार्षद नाराज थे।
पार्षदों ने मांग की थी कि 20 प्रतिशत छूट की अवधि जुलाई से बढ़ाकर सितंबर तक की जाए और बोर्ड बैठक के मिनट्स उपलब्ध कराए जाएं। नगर निगम ने उनकी मांगों को स्वीकार करते हुए लिखित आश्वासन दिया, जिसके बाद धरना समाप्त हुआ। अब करदाता 30 सितंबर तक 20 प्रतिशत छूट के साथ संपत्ति कर जमा कर सकते हैं।
यह निर्णय गाजियाबाद के करदाताओं के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। एकमुश्त भुगतान करने वाले नागरिक अब बढ़ी हुई अवधि में छूट का लाभ उठा सकते हैं। नगर निगम ने करदाताओं से अपील की है कि वे समयसीमा का लाभ उठाकर अपने संपत्ति कर का भुगतान करें।




