दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के स्ट्रक्चर में हुआ नया बदलाव, अब 69 के बजाय 50 ट्रैफिक सर्कल होंगे

नई दिल्ली। दिल्ली में होने वाले जी-20 शिखर सम्मेलन से पहले दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के स्ट्रक्चर में एक बड़ा बदलाव हुआ है। दिल्ली में ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर ढंग से संभालने के लिए अब ट्रैफिक सर्कलों का पुनर्गठन किया गया है। एक एक्सपर्ट कमिटी की सलाह पर ट्रैफिक सर्कलों की संख्या 69 से घटाकर 50 कर दी गई है। इसके तहत जहां 19 मौजूदा सर्कलों का दूसरे सर्कलों में विलय कर दिया गया है, वहीं 2 नए सर्कल भी बनाए गए हैं। ट्रैफिक पुलिस के अधिकारियों का मानना है कि इससे ट्रैफिक पुलिस के मौजूदा संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल हो सकेगा और सर्कलों में ट्रैफिक मैनेजमेंट के लिए पहले से अधिक स्टाफ उपलब्ध रहेगा।
एक्सपर्ट कमिटी की गई
ट्रैफिक पुलिस के स्पेशल कमिश्नर एसएस यादव ने बताया कि ट्रैफिक के बेहतर प्रबंधन और संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल के लिए ट्रैफिक सर्कलों के चिह्नित एरिया की समीक्षा करने की जरूरत महसूस हो रही थी, ताकि शहर में सुरक्षित, सुचारू और कुशल यातायात प्रबंधन व्यवस्था लागू की जा सके और जी-20 शिखर सम्मेलन का सफल आयोजन हो सके। इसके लिए ट्रैफिक पुलिस के मौजूदा मानव संसाधन, तकनीकी संसाधन और साजोसामान का बेहतर उपयोग करने के लिए उनका उचित मूल्यांकन करना जरूरी था। इस काम के लिए एक एक्सपर्ट कमिटी का गठन किया गया था, जिसमें दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के अलावा दिल्ली टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी, स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर, सीआरआरआई और गुरु गोविंद सिंह इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी के प्रतिनिधि शामिल थे। इस कमिटी ने मौजूदा 69 ट्रैफिक सर्कलों के स्ट्रक्चर और वहां यातायात संबंधी चुनौतियों और जरूरतों की स्टडी करके उनकी सीमाओं की दोबारा जांच की और उस आधार पर सर्कलों की संख्या 69 से घटाकर 50 करने की सलाह दी थी।
400 पुलिसकर्मी ज्यादा मिले
कमिटी की इस सिफारिश को शनिवार से लागू करते हुए ट्रैफिक सर्कलों का पुनगर्ठन किया गया है। नए स्ट्रक्चर के तहत अब दिल्ली में 6 ट्रैफिक रेंज और उनके तहत 15 जिले होंगे। ईस्टर्न, नॉर्दर्न और वेस्टर्न रेंज में तीन-तीन जिले होंगे, जबकि सेंट्रल, सदर्न और नई दिल्ली रेंज में दो-दो जिले होंगे। प्रत्येक जिले में एक सहायक आयुक्त तैनात होंगे, जबकि नई दिल्ली जिले में वीआईपी मूवमेंट की अधिकता और लगातार होने वाले बड़े आयोजनों और विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए यहां दो सहायक आयुक्त तैनात किए जाएंगे। सभी 50 सर्कलों में 50 ट्रैफिक इंस्पेक्टरों की तैनाती भी कर दी गई है। सर्कल कम होने से ट्रैफिक पुलिस को 400 से ज्यादा पुलिसकर्मी मिले हैं। इससे ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार होने की उम्मीद है।
दो साल पहले बढ़ाए गए थे सर्कल
पूर्व पुलिस कमिश्नर राकेश अस्थाना के कार्यकाल में दिल्ली पुलिस की कार्यप्रणाली में हुए बड़े बदलावों के तहत जो फैसले लिए गए थे, उनमें से यह दूसरा ऐसा बड़ा फैसला है, जिसे बदला गया है। इससे पहले पीसीआर को थानों के साथ मर्ज करने के फैसले को भी निरस्त करते हुए पुरानी व्यवस्था लागू की गई थी। अस्थाना के कार्यकाल में ट्रैफिक सर्कलों की संख्या 53 से बढ़ाकर 69 की गई थी, जिसे अब फिर से घटाकर पहले से भी कम 50 तक सीमित कर दिया गया है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button