कटोरा लेकर चीन के दर पर पहुंचे शहबाज, जिनपिंग ने सुना दी खरी खरी

बीजिंग,(एजेंसी)। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ चीन के दौरे पर गए। इस दौरान उन्होंने बीजिंग में चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की। प्रधानमंत्री बनने के बाद शहबाज शरीफ की ये पहली चीन यात्रा है, जहां दोनों देशों के नेताओं के बीच बैठक हुई है। पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक दोनों नेताओं ने बैठक के दौरान चीन पाकिस्तान की सदाबहार दोस्ती और 60 अरब अमेरिकी डॉलर के सीपीईसी कॉरिडोर को मजबूत करने पर सहमति जताई है। शहबाज शरीफ अपने दो दिवसीय दौरे पर 1 नवंबर को बीजिंग पहुंचे। शहबाज़ शरीफ चीनी राष्ट्रपति शी ज‍िनप‍िंग को लगातार तीसरी बार शीर्ष पद पर निर्वाचित होने पर बधाई देने के लिए चीन गए हैं।

जिनपिंग ने उन्हें अपने नागरिकों की सुरक्षी की नसीहत भी  दे दी है। पाकिस्तान में चीनी नागरिकों पर हमले को लेकर राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने शहबाज शरीफ को खरी खरी सुना डाली है। चीन पहुंचे शहबाज शरीफ तका सा मुंह लेकर रह गए। सीपीईसी को आगे बढ़ाने को आगे बढ़ाने पर है और नादान पाकिस्तान उम्मीद कर रहा है कि इसी बहाने उसकी खस्ता हाल अर्थव्यवस्था को कुछ राहत मिल जाएगी। जिनपिंग ने कहा कि मैं पाकिस्तान में चीन के लोगों की सुरक्षा को लेकर बहुत चिंतित हूं और उम्मीद करता हूं कि पाकिस्तान चीनी संस्थानों और सहयोग के लिए पाकिस्तान जाने वाले लोगों के लिए भरोसेमंद एवं सुरक्षित माहौल प्रदान करेगा।

दोनों देशों ने कराची से पेशावर के बीच रेल मार्ग की 10 अरब डॉलर लागत वाली परियोजना (ML-1 प्रोजेक्ट) पर आगे बढ़ने का फैसला किया है। चीन ने पाकिस्तान को सुरक्षा आर्थिक मदद जारी रखने का वादा किया है। शहबाज सदाबहार दोस्त चीन के साथ पाकिस्तान के रिश्ते मजबूत करना चाहते हैं। चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे पर काम 2013 में शुरू हुआ था। इसके तहत पाकिस्तान के ग्वादर बंदरगाह से चीन के काशगर तक 60 अरब डॉलर की लागत से कॉरिडोर बनाया गया। इसके जरिए चीन की अरब सागर ते दौरान तक पहुंच होगी। इस कॉरिडोर में कई हाइवे, बंदरगाह, रेलवे और एनर्जी प्रोजेक्ट्स पर भी काम हो रहा है। बताते हैं, चीन क चिंता सीपीईसी की परियोजनाओं में हो रही देरी से नाखुश है। इस पर पीएम शहबाज ने कहा कि नई समयसीमा में पूरा करने के लिए इसे प्राथमिकता दी जाएगी। 

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