जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर की हत्या की रची साजिश, साधू के वेश में मंदिर में घुसा मुस्लिम युवक

गाजियाबाद ब्यूरो। मसूरी थाना क्षेत्र के इकला स्थित नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में प्रवचन करने आए हुए जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर एवं हिंदू रक्षा सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी प्रबोधानंद गिरि की हत्या के इरादे से साधू के वेश में मंदिर में घुसे एक संदिग्ध को सेवादारों ने दबोच लिया। आरोपित के बैग से लोड पिस्टल, ब्लेड, दो मोबाइल फोन व आधार कार्ड मिले हैं।मंदिर के महंत की रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए यूपी एटीएस, आइबी, स्पेशल सेल समेत अन्य एजेंसियां पूछताछ कर रही हैं। आरोपित के आधार कार्ड पर उसका नाम पता गौतमबुद्धनगर के दादरी का आस मुहम्मद अंकित है। वह समीर शर्मा के नाम से आश्रम में घुसने का प्रयास कर रहा था।स्वामी प्रबोधानंद गिरी हरिद्वार में रहते हैं। इकला स्थित नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में उनका दो अक्टूबर से प्रवचन शुरू हुआ और चार अक्टूबर तक चलना है। रविवार रात करीब साढ़े 10 बजे वह मंदिर परिसर में बने आश्रम में टहल रहे थे।
इस दौरान एक युवक आया और खुद को समीर शर्मा बताते हुए बोला, कि वह उनका शिष्य बनना चाहता है। शक होने पर उन्होंने अपने एक सेवादार को यह बताया तो युवक वहां से गायब हो गया। रात करीब साढ़े 12 बजे युवक दोबारा मंदिर परिसर में आया तो सेवादारों ने उसे पकड़ लिया।बैग की तलाशी ली गई तो उसमें पिस्टल, ब्लेड, दो मोबाइल फोन व आधार कार्ड मिला। आधार कार्ड में उसका नाम आस मुहम्मद दर्ज था।महामंडलेश्वर का आरोप है उसे देवबंद से किसी सलीम नाम के व्यक्ति ने हत्या के लिए भेजा था। एक लाख रुपये में सौदा तय किया गया था। 50 हजार रुपये आस मुहम्मद को एडवांस दिए गए थे। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जिहादी लगातार उनकी हत्या की फिराक में हैं।उनकी हत्या के लिए एक करोड़ रुपये की कीमत रखी गई है। पूर्व में भी उन पर कई बार जानलेवा हमले हो चुके हैं। बिजनौर के नूरपुर में तीन माह पूर्व उनकी गाड़ी पर हमला हुआ। जिसमें वह बाल-बाल बच गए थे। उनका कहना है कि हरिद्वार में आयोजित धर्म संसद में जिहादियों पर बयान के बाद से वह जेहादियों के निशाने पर हैं।
यति नरसिंहानंद गिरिशिवशक्ति धाम डासना के पीठाधीश्वर व श्रीपंचदशनाम जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर यति नरसिंहानंद गिरि ने इकला गांव मे हथियार सहित पकड़े गये संदिग्ध लेकर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि संदिग्ध के पास से पिस्टल के साथ पेपर कटर भी मिला है। पेपर कटर से इस्लामिक जिहादी पिछले वर्ष शिवशक्ति धाम डासना में स्वामी नरेशानंद की हत्या का प्रयास कर चुके है। पुलिस ने यह केस उस समय दबा दिया था। इस कारण जिहादियों का हौसला इतना बढ़ चुका है कि वह अब कहीं भी हमला करने को तैयार है। उन्होंने कहा कि पुलिस और प्रशासन की इस तरह के मामलों को दबाने की प्रवृत्ति से जिहादियों के हौसले बहुत बढ़े हुए है।




