सड़क पर नमाज पढ़ने को लेकर पुलिस और नामाजियों में नोंकझोंक,अल्लाह हू अकबर के लगे नारे

मेरठ/उत्तर प्रदेश। ईद उल फितर के मौके पर मेरठ के शाही ईदगाह सहित शहर की तमाम मस्जिदों में ईद की नमाज अदा की गई। इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे। शाही ईदगाह में सड़क पर नमाज पढ़ने से रोकने पर नमाजियों और पुलिस के बीच नोंकझोंक हुई। कुछ नमाजियों ने पुलिस का विरोध करते हूए ‘अल्लाह हू अकबर’ के नारे लगाने शुरू कर दिए। अब पुलिस अराजकता फैलाने वालों के खिलाफ कार्यवाही की बात कह रही है। अधिकारियों ने सड़क पर नमाज़ पढ़े जाने पर नमाजियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के आदेश जारी किए थे। गुरुवार को ईद उल फितर के मौके पर जिले की तमाम मस्जिदों के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। शाही ईदगाह में एसपी सिटी और एसपी ट्रैफिक सहित सुरक्षा बल और कई थानों की फोर्स तैनात की गई थी। इसी के साथ पूरे इलाके को बैरिकेटिंग से कवर किया गया था।
इस दौरान कुछ लोगों ने पुलिस के विरोध में’अल्लाह हू अकबर’ के नारे लगाए। पुलिस के समझाने पर कुछ लोग दूसरी जगह नमाज पढ़ने चले गए। जबकि कुछ नमाजियों ने पुलिस के रोकने के बावजूद शाही ईदगाह के आसपास नमाज अदा की।
शाही ईदगाह में ईद उल फितर की नामज पढी गई।हजारों अकीततमंदों ने देश में अमन और भाईचारे के लिए दुआंए मांगी। इस मौके पर कारी शफीकुर्रहमान ने कहा कि हिंदुस्तान में मुसलमान किराएदार नही है, वह साझेदार है। हमारा देश हिंदू मुस्लिम भाईचारे के लिए जाना जाता है। लेकिन पिछले दस वर्षो से ऐसा माहौल बना हुआ है जिससे भाईचारा कम होता जा रहा है। जो मुल्क में चल रह है वह ठीक नहीं है।
हिंदुस्तान का भाईचारा तोड़ने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन यह टूटने वाला नहीं है। उन्होंने मुसलमानो से लोकसभा चुनाव में एकजुट होकर किसी एक प्रत्याशी को अपना वोट देने की अपील की। उन्होन कहा कि फिलीस्तीन मे मुसलमानों पर अन्याय हो रहा है। दूसरे देश अन्याय करने वालों के साथ खड़े हैं। इसलिए मुस्लिमों को एक दूसरे की मदद करनी चाहिए।




