आनंद विहार से वैशाली के बीच तेजी से बन रही 2 किमी लंबी सुरंग

गाजियाबाद। रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम के तहत दिल्ली एनसीआर में आनंद विहार से वैशाली मेट्रो के बीच 2 किलोमीटर लंबे टनल तीन चौथाई हिस्सा बनकर तैयार हो चुका है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) की तरफ से बन रहे टनल के अंदर बाकी कार्यों के लिए अस्थायी ट्रैक भी बिछाया गया है। यही नहीं वैशाली मेट्रो के सामने जहां रैपिड रेल सुरंग से बाहर ज़मीन पर आएगी, वहां रैंप बनाने का काम भी शुरू हो चुका है। रैपिड रेल से जुड़े प्रवक्ता का कहना है कि यह रैंप दो महीने में बनकर तैयार हो जाएगा। बता दें कि इस टनल का निर्माण पिछले साल शुरू किया गया था।

साहिबाबाद से मेरठ कॉरिडोर का प्रायोरिटी सेक्शन वैशाली रैंप के ज़रिए साहिबाबाद में प्रवेश करता है। यह साहिबाबाद में एलिवेटेड सेक्शन के रूप में प्रवेश कर रहा है। इसके पहले कॉरिडोर अंडरग्राउंड है और आनंद विहार से साहिबाबाद की ओर आ रहा है। आरआरटीएस ट्रेनों के लिए बनाए जा रहे रैंप का निर्माण कार्य तेजी से किया जा रहा है। इसी स्थान पर आनंद विहार से साहिबाबाद की ओर आने वाले टनल बोरिंग मशीन को भी टनल बनाने के बाद बाहर निकाला जाएगा।
वैशाली मेट्रो के सामने रैपिड रेल के टनल से बाहर आने के लिए रैंप का निर्माण किया जा रहा है। इसकी लंबाई लगभग 600 मीटर और चौड़ाई 15 मीटर है। वर्तमान समय में रैंप की साइड का निर्माण हो रहा है। कंक्रीट की वॉल्स का निर्माण दोनों ओर किया जा रहा है। इसके साथ ही रैंप बॉक्स में बनाई जाने वाली रूफ का निर्माण कार्य भी आखिरी पड़ाव में है।आनंद विहार स्टेशन से साहिबाबाद को ओर लगभग 2 किमी लंबी समानांतर टनल का निर्माण किया जा रहा है। टनल का निर्माण पूरा होने के बाद टनल बना रही टनल बोरिंग मशीन (टीबीएम) को इसी रिट्रीविंग शाफ्ट से बाहर निकाला जाएगा। रैपिड रेल के लिए बनाए जा रहे साहिबाबाद स्टेशन का काम नब्बे प्रतिशत तक पूरा हो चुका है। यहां कई बार रैपिड रेल भी आ चुकी है। लिफ्ट से लेकर एस्केलेटर तक सब लगाए जा चुके हैं। केवल एफओबी का काम थोड़ा अधूरा है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button