गाजियाबाद में ग्रामीण क्षेत्रों के स्वास्थ्य केंद्रों का बुरा हाल,एसीएमओ के निरीक्षण में सीएचसी बम्हैटा में लगा मिला ताला

गाजियाबाद। गाजियाबाद में ग्रामीण क्षेत्रों के स्वास्थ्य केंद्रों का बुरा हाल है। मंगलवार को सीएमओ के निर्देश पर एसीएमओ डॉ. अमित विक्रम सिंह ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बम्हैटा का सुबह को साढ़े आठ बजे आकस्मिक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान केंद्र पर ताला लगा मिला, जबकि सीएचसी 24 घंटे चालू रहती है। इमरजेंसी सेवाओं को अनिवार्य रूप से संचालित किया जाता है। एसीएमओ ने निरीक्षण रिपोर्ट सीएमओ, डीएम और महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं को भेज दी है। रिपोर्ट में अनुपस्थित चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई किए जाने की संस्तुति की गई है। यह सीएचसी पांच लाख से अधिक लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध किये जाने के लिए पिछले वर्ष ही खोली गई है। इसका उद्घाटन उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक द्वारा किया गया था। केंद्र पर चार चिकित्सक तैनात हैं। रिपोर्ट में लिखा है कि वरिष्ठ चिकित्साधिकारी डा.शालिनी सुमन एसीएमओ को रास्ते में मिलीं। इससे पहले भी सीएमओ,सीडीओ और एसडीएम स्तर से सीएचसी का निरीक्षण किया जा चुका है।
सोमवार को एसीएमओ डा. चरन सिंह के निरीक्षण में सीएचसी मुरादनगर, मोदीनगर और भोजपुर में अधिकांश स्टाफ गायब मिला। मतदान से पूर्व सीएचसी पर ताला लगा मिलना और स्टाफ के गायब रहने से साफ अंदाजा लगाया जा सकता है कि इमरजेंसी पड़ने पर गंभीर रूप से बीमार और घायल मतदान कर्मियों को तुरंत स्वास्थ्य सेवाएं कैसी मिलेंगी।




