कानपुर में 70 साल पुरानी ईंट की बनी छत गिरी, किसान व मवेसी की दबकर मौत

कानपुर के बिधनू काठारा गांव में 70 साल पुरानी ईंट की छत गिरने से एक 65 वर्षीय किसान और एक मवेशी की मौत हो गई। यह हादसा सुबह करीब पांच बजे हुआ जब किसान बरामदे में सो रहे थे, परिवार के अन्य सदस्य पीछे के कमरों में थे।
कानपुर/उत्तर प्रदेश। बिधनू काठारा गांव में शुक्रवार सुबह मकान के आगे के हिस्से में बनी बरामदे की 70 साल पुरानी ईंट की छत भरभराकर गिर गई। जिसके नीचे सो रहे 65 वर्षीय किसान व एक मवेसी कि दबकर मौत हो गई। घटना के समय परिवार पीछे बने कमरों में सो रहा था। ग्रामीणों ने मलबा हटाकर शव को बाहर निकाला।
काठारा निवासी 65 वर्षीय किसान श्रवण कुमार सिंह चंदेल शुक्रवार सुबह करीब पांच बजे मकान के आगे के हिस्से पर बने बरामदे में सो रहे थे। वहीं पास में एक मवेसी भी बंधा था। तभी अचानक ईंटों की पुरानी छत भरभराकर गिर पड़ी। जिसके मलबे में दबकर श्रवण व मवेसी की मौत हो गई। छत गिरने की आवाज सुनकर पीछे के कमरों में सो रही पत्नी मुन्नी देवी, बेटा नितुल व बहू मधू दो बेटियों संग बाहर भाग कर आये।
मलबे में दबे पिता को देख बेटे समेत पूरा परिवार चीखने लगा। एकत्र ग्रामीणों ने मलबा हटाकर शव बाहर निकाला। पति का शव देख पत्नी गश खाकर गिर पड़ी। बेटे ने बताया कि मकान के आगे का हिस्सा करीब 70 साल पुराना था। जिसपर ईंट की छत पड़ी थी। इसी वर्ष इसे गिराकर आरसीसी छत डलवाने की तैयारी थी। थाना प्रभारी टीबी सिंह ने बताया कि अभी पुलिस को हादसे को कोई जानकारी नहीं मिली है।




