हरियाणा पुलिस के एएसआई संदीप लाठर ने गोली मारकर कर ली खुदकुशी
सुसाइड नोट और वीडियो में उन्होंने दिवंगत आईजी वाई पूरन कुमार पर गंभीर भ्रष्टाचार के लगाए आरोप

रोहतक/हरियाणा। हरियाणा पुलिस के एएसआई संदीप लाठर ने मंगलवार दोपहर को लाढौत-धामड़ रोड स्थित खेत में बने कमरे में गोली मारकर खुदकुशी कर ली थी। पुलिस को डेड बॉडी के पास एक सुसाइड नोट और मोबाइल फोन में एक वीडियो मिला था। सुसाइड नोट और मोबाइल फोन में दिवंगत आईजी वाई पूरन कुमार पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए गए थे। संदीप लाठर, जींद जिला के जुलाना के रहने वाले थे और फिलहाल रोहतक के लाढौत गांव में अपने मामा के घर रह रहे थे। वे रोहतक पुलिस की साइबर सैल में तैनात थे। संदीप के परिवार वालों ने दिवंगत आईजी वाई पूरन कुमार की पत्नी की गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने वाई पूरन कुमार की संपत्ति की जांच की मांग की।
संदीप लाठर जींद के जुलाना के रहने वाले थे। वो रोहतक के सुखपुरा चौक स्थित पुलिस क्वार्टर में मां इंद्रावती, पत्नी संतोष और तीन बच्चों के साथ रहते थे। उनकी बड़ी बेटी प्रतिभा नीट की तैयारी कर रही है, जबकि छोटी बेटी नौवीं कक्षा में पढ़ाई कर रही है। बेटा राणू अभी चौथी कक्षा का छात्र है। वो पांच बहनों में वे इकलौते भाई थे। वो एडीजीपी वाई पूरण कुमार के गनर सुशील कुमार को गिरफ्तार करने वाली टीम में शामिल थे। संदीप का परिवार सेवा और त्याग की परंपरा से जुड़ा रहा है। उनके पिता दयानंद पुलिस विभाग में इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत रहे थे। रिटायरमेंट के बाद करीब 20 वर्ष पहले वे रेल से सफर के दौरान हादसे का शिकार हो गए थे, जिसमें उनकी मृत्यु हो गई थी।
संदीप कुमार लाठर को इसी साल 15 अगस्त को सम्मानित किया गया था। सीएम सैनी ने एएसआई संदीप को सम्मानित किया था। क्राइम ब्रांच में शानदार सेवाओं के लिए इसी साल उन्हें स्वतंत्रता दिवस पर सीएम नायब सिंह सैनी ने सम्मानित भी किया था। संदीप के दादा भरत सिंह और छोटे दादा ने भी सेना में सेवाएं दी थीं। छोटे दादा ने बर्मा में लड़ाई भी लड़ी और सात साल जेल भी काटी थी। उन्हीं से प्रेरित होकर संदीप ने पुलिस की नौकरी चुनी थी।




