कानपुर में पेशी पर आए आरोपियों और सिपाहियों को वकीलों ने पीटा,10 पर एफआईआर

कानपुर,(उत्तर प्रदेश)। कानपुर में पुलिस और वकीलों के बीच मारपीट के कई मामले सामने आ चुके हैं। मंगलवार को भी पुलिस लाइन स्थित कमिश्नरी कोर्ट में शांतिभंग के आरोपियों को वकीलों ने पकड़कर कर पिटाई शुरू कर दी। आरोपियों को बचाने आए सिपाही और होमगार्ड को भी जमकर पीट दिया। पुलिस इस मामले को शाम तक छिपाए रही, लेकिन जब देररात वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो अधिकारियों ने वीडियो को संज्ञान में लिया। इसके साथ वकीलों पर एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए।
किदवई नगर पुलिस ने कंजड़नपुरवा निवासी आशोक कुमार और जेपी कॉलोनी निवासी अश्वनी कुमार को शांतिभंग के मामले में अरेस्ट किया गया था। थाने में तैनात सिपाही मोहम्मद इरफान और होमगार्ड शिवशरण सिंह आरोपियों को पुलिस लाइन स्थित कोर्ट लेकर पहुंचे थे। सिपाही और होमगार्ड आरोपियों को लेकर कोर्ट के बाहर खड़े थे। इसी दौरान कुछ वकील आए और अशोक कुमार को पीटना शुरू कर दिया।
सिपाही मोहम्मद इरफान और होगगार्ड ने आरोपियों को बचाने की कोशिश की तो वकीलों ने सिपाही और होमगार्ड से हाथापाई करने लगे। वकीलों ने पुलिस कर्मियों को पीट दिया। मौके पर कई सिपाही और वकील पहुंच गए। उन्होंने किसी तरह से मामले को शांत कराया। जिसका वीडियो बनाकर किसी ने सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। पुलिस लाइन में सिपाही और होमगार्ड की पिटाई के मामले में पुलिस ने अधिवक्ता मृत्युंजय सिंह, आशीष मिश्रा समेत आठ पर कोतवाली में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस ने मारपीट, बलवा, लोकसेवक को डराने समेत अन्य गंभीर धाराएं लगाई गई हैं। पुलिस गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिशें दे रही हैं।
कानपुर में पुलिस और वकीलों के बीच कई बार मीरपीट की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। पुलिस और वकीलों के बीच पिछले साल ट्रैफिक सिपाही और वकीलों के बीच मारपीट हुई थी, जिसमें वकीलों पर गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया था, लेकिन किसी तरह की बड़ी कार्रवाई नहीं हो पाई है।




