पंजाब के तत्कालीन डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर गिरफ्तार, ईडी को मिली आठ दिन की हिरासत
ईडी ने पंजाब के रोपड़ रेंज के तत्कालीन डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल (डीआईजी) हरचरण सिंह भुल्लर को प्रिवेंशन ऑफ़ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए) के तहत गिरफ्तार किया है, जबकि चंडीगढ़ की एक स्पेशल पीएमएलए कोर्ट ने पूछताछ के लिए उन्हें आठ दिन की कस्टडी में भेज दिया है।

चंडीगढ़,एजेंसी। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भ्रष्टाचार और आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक संपत्ति से जुड़े कथित धनशोधन मामले में पंजाब पुलिस की रोपड़ रेंज के तत्कालीन उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) हरचरण सिंह भुल्लर को गिरफ्तार किया है। ईडी के अनुसार, नौ अक्टूबर को धनशोधन निवारण अधिनियम, 2002 की धारा 19 के तहत गिरफ्तारी के बाद उन्हें चंडीगढ़ की विशेष पीएमएलए अदालत में पेश किया गया, जहां से एजेंसी को आठ दिन की हिरासत मिली।
ईडी ने बताया कि इस मामले की जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा, चंडीगढ़ की ओर से दर्ज दो प्राथमिकी के आधार पर शुरू की गई थी। इससे पहले 18 सितंबर को ईडी ने कथित बिचौलिए कृशानू शारदा को भी गिरफ्तार किया था।
जांच एजेंसी का आरोप है कि भुल्लर ने एक आपराधिक मामले में अनुचित लाभ पहुंचाने के बदले कृशानू शारदा के माध्यम से आठ लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। ईडी के मुताबिक, इसमें से पांच लाख रुपये दिए जाने की बात सामने आई है। आरोप है कि इसके बदले शिकायतकर्ता को पुलिस की दखल के बिना अपना कारोबार जारी रखने देने और आपराधिक मामले को निपटाने का आश्वासन दिया गया था।
ईडी के बयान के अनुसार, सीबीआई द्वारा भुल्लर के आवास पर की गई तलाशी में 7.37 करोड़ रुपये नकद और करीब 2.32 करोड़ रुपये मूल्य के आभूषण बरामद हुए थे। इसके अलावा लग्जरी घड़ियों, महंगी गाड़ियों, बैंक जमा और अचल संपत्तियों से संबंधित दस्तावेज भी मिलने की जानकारी दी गई है।
एजेंसी ने बताया कि धनशोधन निवारण अधिनियम की धारा 17 के तहत की गई तलाशी के दौरान 8.35 लाख रुपये नकद जब्त किए गए और करीब 1.42 करोड़ रुपये की राशि वाले बैंक खातों को फ्रीज किया गया। ईडी को प्रारंभिक जांच में संदेह है कि भुल्लर कथित अपराध से अर्जित आय को हासिल करने, अपने पास रखने, छिपाने और इस्तेमाल करने में शामिल थे। मामले में जांच जारी है। भुल्लर के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर अंतिम निर्णय न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।




