गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का ‘मामा’ निकला फर्जी वकील,12वीं प्रमाणपत्र से बीए-एलएलबी में दाखिले का आरोप,केस दर्ज

लॉरेंस बिश्नोई की कानूनी टीम से जुड़े दीपक नंदा उर्फ दीपक खत्री पर बीए-एलएलबी में दाखिले के लिए कथित फर्जी 12वीं के दस्तावेज इस्तेमाल करने का मामला सामने आया है। श्री वेंकटेश्वर यूनिवर्सिटी की शिकायत पर अमरोहा पुलिस ने धोखाधड़ी और जालसाजी की धाराओं में केस दर्ज किया है।

नई दिल्ली,एजेंसी। गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े वकील दीपक नंदा उर्फ दीपक खत्री उर्फ मामा पर कथित फर्जी शैक्षिक दस्तावेजों के आधार पर बीए-एलएलबी में दाखिला लेने का मामला सामने आया है। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच से मिले सत्यापन संबंधी इनपुट के बाद अमरोहा स्थित श्री वेंकटेश्वरा विश्वविद्यालय प्रशासन की शिकायत पर रजबपुर थाने में दीपक नंदा के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी समेत संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, पश्चिम विहार निवासी दीपक नंदा ने वर्ष 2019 में श्री वेंकटेश्वरा विश्वविद्यालय में बीए-एलएलबी पाठ्यक्रम में प्रवेश लिया था और वर्ष 2024 में पाठ्यक्रम पूरा किया। दाखिले के समय उसने जम्मू-कश्मीर बोर्ड ऑफ स्कूल एजुकेशन से जारी बताई गई 12वीं की अंकतालिका और प्रमाणपत्र विश्वविद्यालय में जमा किए थे।
दिल्ली क्राइम ब्रांच की एक अन्य मामले में चल रही जांच के दौरान दीपक की शैक्षिक योग्यता से संबंधित दस्तावेजों पर संदेह हुआ। इसके बाद क्राइम ब्रांच ने 9 सितंबर को विश्वविद्यालय से उसके दाखिले और शैक्षिक अभिलेख मांगे। उपलब्ध दस्तावेजों में शामिल 12वीं की अंकतालिका और प्रमाणपत्र को सत्यापन के लिए जम्मू-कश्मीर बोर्ड भेजा गया।
बोर्ड ने 19 सितंबर को सत्यापन के जवाब में बताया कि संबंधित अंकतालिका और प्रमाणपत्र उसके अभिलेखों में वास्तविक नहीं पाए गए। इसके बाद क्राइम ब्रांच ने 23 सितंबर को विश्वविद्यालय प्रशासन को सत्यापन की जानकारी दी। मामले की जानकारी मिलने पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने रजबपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर पुलिस ने 28 सितंबर को मुकदमा दर्ज किया।
दीपक नंदा को दिल्ली क्राइम ब्रांच ने 26 अगस्त को विदेशी हथियारों की कथित आपूर्ति और शाहबाज अंसारी से जुड़े मामले में गिरफ्तार किया था। पुलिस के अनुसार, इसी मामले में उसकी शैक्षिक योग्यता और कानून की डिग्री से संबंधित दस्तावेजों की भी जांच की गई थी। इस मामले में हथियार आपूर्ति, गैंगस्टर और सट्टेबाजी से जुड़े आरोपों की जांच चल रही है।
फर्जी प्रमाणपत्र के आधार पर दाखिला लेने के आरोप में दर्ज नए मुकदमे की जांच अमरोहा पुलिस कर रही है। पुलिस का कहना है कि दस्तावेजों के सत्यापन और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button