महायुति में महा’झगड़ा’, अब भुजबल ने किया झंडा फहराने से इनकार! पालक मंत्री पर खिंची तलवारें

मुंबई/एजेंसी। महाराष्ट्र में सत्तारूढ़ महायुति में पालक मंत्री को लेकर घमासान जारी हैं। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के द्वारा अभी तक नासिक और रायगढ़ जिलों के संरक्षक मंत्री नियुक्त नहीं किए गए हैं। 15 अगस्त के राष्ट्रीय पर्व से पहले सरकार ने तमाम मंत्रियों की ड्यूटी ध्वजारोहण के लिए लगाई थी लेकिन अजित पवार की एनसीपी के कद्दावर नेता और कैबिनेट मंत्री छगन भुजबल ने गोंदिया में झंडारोहण फहराने से इंकार कर दिया है। इसके पीछे भुजबल ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला दिया है। गाेंदिया जिले में अब तिरंगा फहराने की जिम्मेदारी बीजेपी नेता और मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा को सौंपी गई है।
भुजबल के गोंदिया नहीं जाने के निर्णय को नासिक पालक मंत्री विवाद से जोड़ कर देखा जा रहा है। बीजेपी ने नासिक में ध्वजारोहण की जिम्मेदारी कैबिनेट मंत्री गिरीश महाजन को सौंपी है। जबकि छगन भुजबल नासिक में ही रहते हैं। यह सब तब हुआ है जब सरकार में उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उनकी पार्टी के मंत्री भरत गोगावले तथा दादा भुसे के नाराज होने की अटकलें पहले से ही लगाई जा रही हैं लेकिन दावा किया जा रहा है कि महायुति सरकार के नाराज मंत्रियों की जमात में अब उप मुख्यमंत्री अजीत पवार की एनसीपी से बाद में मंत्री बनाए गए छगन भुजबल भी शामिल हो गए हैं। भुजबल ने खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए गोंदिया जिले में ध्वजारोहण करने के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के आदेश को मानने में असमर्थता जताई है।
महाराष्ट्र में रायगढ़ और नासिक जिले के पालक मंत्री पद को लेकर सत्तारूढ़ महायुति सरकार में पिछले करीब 7 महीनों से रस्साकशी चल रही है। सरकार में शामिल उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की शिवसेना के मंत्री भरत गोगावले रायगढ़ जिले का तो वहीं मंत्री दादा भुसे नाशिक जिले का पालकमंत्री बनना चाहते हैं। सीएम फडणवीस की सरकार ने उप मुख्यमंत्री अजीत पवार की एनसीपी की नेता एवं महिला व बाल विकास मंत्री अदिती तटकरे को रायगढ़ में ध्वजारोहण की जिम्मेदारी दी है। 15 अगस्त को गोंदिया जिला मुख्यालय पर ध्वजारोहण करने से भुजबल के इनकार के बाद अब कौशल विकास विभाग के मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा गोंदिया जिला मुख्यालय पर ध्वजारोहण करेंगे।




