मीडिया पर टेढ़ी नजर रखने वाले कानपुर पुलिस कमिश्नर आरके स्वर्णकार का हुआ तबादला,ट्रेनिंग सीतापुर भेजा गया

कानपुर/उत्तर प्रदेश। नए साल पर शासन की तरफ कई आईपीएस अधिकारियों के तबादले किए गए हैं। इसमें कानपुर पुलिस कमिश्नर आर के स्वर्णकार का नाम भी शामिल है। कानपुर में तैनाती के दौरान आरके स्वर्णकार विवादों से घिरे रहे। उन्होंने यातायात, अपराध पर काम करने के कोशिश की लेकिन इससे ज्यादा विवादों को लेकर चर्चा में रहे हैं। आरके स्वर्णकार को ट्रेनिंग सीतापुर भेजा गया है। वहीं, शहर की कमान गोरखपर के एडीजी अखिल कुमार को सौंपी गई है। आईपीएस आरके स्वर्णकार अपने कार्यों को लेकर विवादों में घिरते चले गए। उन्होंने पुलिस ऑफिस में बने प्रेस रूम पर पेंट करा दिया, और उस पर लिखवा दिया कि आगंतुक रूम। पत्रकारों के प्रवेश पर रोक लगाने की कोशिश की थी। इसका पत्रकारों ने विरोध किया था। उन्हे अपना फैसला वापस लेना पड़ा।
पत्रकारों के वाहन चेकिंग के नाम पर चालान
इसके बाद पत्रकारों के वाहनों को चेकिंग के नाम बड़े चालान कराए। पुलिस ऑफिस में खड़े पत्रकारों के वाहनों की चेकिंग शुरू करा दी। न्यूज पेपर में छपने वाली खबरों का मीडिया सेल के माध्यम से खंडन डालना शुरू कर दिया।
इसके साथ ही उनपर पीड़ितों के साथ बदसलूकी करने भी आरोप लगे थे। बीते दिनों बजरंग दल के कार्यकर्ता तत्कालीन सीपी आर के स्वर्णकार से मिलन कर ज्ञापन देने पहुंचे थे। बजरंग दल के पदाधिकारियों को जमकर फटकार लगाई थी। जिसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसके साथ ही विभाग में एक आईपीएस के नजदीकी दारोगाओं और इंस्पेक्टर को परेशान करने के भी आरोप लगे थे।
पूर्व पुलिस कमिश्नर आर के स्वर्णकार की एक अपराधी के साथ सोशल मीडिया पर फोटो वायरल हुई थी। इंटरनेट पर फोटो वायरल होने के बाद उनकी किरकरी हुई थी। उनके तबादले के बाद 1994 बैच के आईपीएस अखिल कुमार को कानपुर का पुलिस कमिश्नर बनाया गया है। अखिल कुमार लखनऊ में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के रूप में तैनात रह चुके हैं। केंद्र में संयुक्त सचिव के रूप में भी काम कर चुके हैं। उनके कंधों पर शहर की कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी है।




