Bihar Train Accident: सोए थे, अचानक हिली ट्रेन और फिर…पैसेंजरों ने बताया कैसे छू कर निकली मौत?
हम सब सोए हुए थे कि अचानक ट्रेन हिलने लगी। इसके बाद जोरदार झटका लगा और सब उछलकर एक दूसरे के ऊपर गिरने लगे। कुछ देर के लिए सब कुछ खत्म हो गया। आंख खुली तो किसी की टांग दिखी तो किसी का हाथ, हर तरफ खून ही खून बिखरा था…यह कहना था बिहार में ट्रेन एक्सीडेंट का शिकार हुए ट्रेन की पहली बोगी में सवार आरा के बाबू बाजार निवासी अशोक का, जो अस्पताल में भर्ती है, लेकिन उसने बताया कि ट्रेन जोर के झटके के साथ पटरी से उतरी। 21 बोगियां पटरी से उतर गई थीं। अफरा तफरी मची थी। लोग मदद के लिए इधर उधर भाग रहे थे। मेरे ऊपर भी कई लोग गिर गए थे।
हादसे के बाद का मंजर रुलाने वाला था
अशोक ने बताया कि वे 3 लोगों के साथ विंध्याचल से ट्रेन में सवार हुए थे। रात साढ़े 9 बजे के करीब अचानक जोरदार आवाज आई और ट्रेन लड़खड़ाने लगी। अलीगढ़ से एक महीने की छुट्टी के बाद न्यू जलपाईगुड़ी जा रहे BSF के जवान ओमपाल सिंह ने बताया कि वह ऊपरी बर्थ पर सोए हुए थे। अचानक झटका लगा तो देखा कि लोग भाग रहे हैं। अचानक नीचे गिरा तो किसी तरह गेट की कुंडी पकड़ बाहर निकला। बाहर इधर उधर लोग पड़े हुए थे। श्रीनिवास पांडे ने बताया कि अचानक शोर सुनाई दिया। लोग चिल्ला रहे थे। पटरियों पर शव बिखरे पड़े थे। लोग दर्द के मारे कराह रहा था। महिलाएं-बच्चे रो रहे थे।
दिल्ली से असम जाने को निकली थी ट्रेन
बता दें कि बिहार के बक्सर में आनंद विहार टर्मिनल से असम के कामाख्या जा रही नॉर्थ ईस्ट एक्सप्रेस (12506) के 21 डिब्बे बुधवार रात रघुनाथपुर रेलवे स्टेशन के पास पटरी से उतर गए। हादसा रात 9 बजकर 53 मिनट पर हुआ। 23 डिब्बों वाली ट्रेन बुधवार सुबह 7 बजकर 40 मिनट पर दिल्ली के आनंद विहार टर्मिनल से रवाना हुई थी, जिसे गुरुवार शाम 4.25 पर असम के कामाख्या पहुंचना था, लेकिन बिहार के बक्सर में वह हादसे का शिकार हो गई। हादसे में अब तक 4 लोगों की मौत हो चुकी है। 20 से अधिक लोग घायल हैं, जिनको इलाज के लिए पटना एम्स रेफर किया गया है। रेलवे ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं।
कई ट्रेनों को दूसरे रास्ते से भेजा गया
ट्रेन हादसे के बाद कई ट्रेनों के रूट बदले गए हैं। कई ट्रेनों को रद्द किया गया है। बनारस से पटना आने वाली 15125/15126 जनशताब्दी एक्सप्रेस को रद्द किया गया है। 12948 पटना अहमदाबाद स्पेशल ट्रेन का रूट चेंज है। 12487 जोगबनी आनंद विहार सुपरफास्ट एक्सप्रेस भी दूसरे रास्ते से जाएगी। हाजीपुर से छपरा, बनारस से प्रयागराज के रास्ते इनको निकाला जाएगा। रेलवे की ओर से 22 से अधिक ट्रेनों के समय में बदलाव किया गया है। हादसे के बाद पटना जंक्शन पर कंट्रोल रूम बनाया गया है। लगातार फोन कर लोग हादसे की जानकारी ले रहे हैं। आरा दानापुर और बरौनी के कंट्रोल रूम में भी लगातार फोन आ रहे हैं।




