मोनू मानेसर को कोर्ट ने जमानत देने से किया इनकार, राजस्थान पुलिस को मिली ट्रांजिट रिमांड

नूंह/हरियाणा। मेवात की सीमा से लगते राजस्थान के घाटमिका के रहने वाले जुनैद-नासिर हत्याकांड के आरोपी बजरंग दल व गोरक्षा दल से जुड़े मोनू मानेसर को नूंह अपराध जांच शाखा टीम ने गुरुग्राम पुलिस की मदद से गिरफ्तार कर लिया है। मोनू मानेसर को मंगलवार सुबह 10 बजे के करीब गुरुग्राम के सेक्टर 1 मार्केट से हिरासत में लिया गया। एक सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से इसकी सूचना सामने आई तो मीडिया में आग की तरह खबर फैल गई। उधर हिंदू संगठनों ने गिरफ्तारी का विरोध करते हुए मानेसर में पंचायत का आह्वान कर दिया। मोनू की पुलिस हिरासत में लिए जाने की खबर मिलते ही राजस्थान पुलिस भी हरकत में आ गई और मंगलवार को ही कई गाड़ी नूंह कोर्ट परिसर में पहुंच गई।
मोनू को राजस्थान पुलिस के हवाले किया
मोनू मानेसर की गिरफ्तारी के बाद नूंह पुलिस अलर्ट हो गई। नूंह कोर्ट परिसर में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। भारी पुलिस बल की सुरक्षा में मोनू को कोर्ट परिसर में लाया गया। जवान अत्याधुनिक हथियारों से लैस आधा दर्जन गाड़ियों के काफिले के साथ अदालत में उनके अधिवक्ता सोमनाथ शर्मा ने मोनू की जमानत मांगी, लेकिन कोर्ट से जमानत नहीं मिली। फिलहाल कोर्ट के आदेश पर मोनू मानेसर को राजस्थान पुलिस के हवाले कर दिया है। अब राजस्थान पुलिस मोनू मानेसर से पूछताछ करेगी।
पुलिस के चक्रव्यूह में ऐसे फंसा मोनू मानेसर, भागने का नहीं मिला मौका
सख्ती के मूड में नूंह पुलिस
फरवरी माह में राजस्थान मेवात के घाटमीका गांव के रहने वाले नासिर-जुनैद को जिंदा जलाकर मार दिया गया था। जिसका आरोप बजरंग दल के सदस्यों पर था। मोनू मानेसर भी इन्हीं आरोपियों में से एक था। इसको लेकर मेवात क्षेत्र में भारी गुस्सा था, तो वही गत 31 जुलाई को नूंह में जलाभिषेक यात्रा के दौरान हुई हिंसा के लिए कुछ लोग मोनू मानेसर की एक सोशल मीडिया पोस्ट को जिम्मेदार मान रहे थे। इसके अलावा नासिर-जुनैद हत्याकांड में उसकी गिरफ्तारी नहीं होने भी एक बड़ा कारण था। फिलहाल नूंह पुलिस अधीक्षक नरेंद्र बिजारनिया के निर्देश पर मोनू मानेसर की गिरफ्तारी तो कर ली गई है। माना जा रहा है कि नूंह पुलिस पूरी सख्ती के मूड में है। अभी भी कई और बड़ी गिरफ्तारियां पुलिस कर सकती है।
मोनू मानेसर के वकील सोमदत्त शर्मा ने बताया कि उनकी तरफ से तीन वकील कोर्ट में पेश किए गए थे। अवैध हथियार की धाराओं में जमानत नहीं दी जा सकती थी। मुकदमा नंबर 37 नूंह पुलिस ने मोनू मानेसर के खिलाफ मंगलवार को ही एक केस दर्ज किया था। सोमनाथ शर्मा का कहना है कि राजनीतिक षड्यंत्र के तहत मोनू मानेसर को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने किसी प्रकार की सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल कर धार्मिक भावनाओं को आहत नहीं किया था।

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