डिवाइन वैली सोसाइटी में देर रात दो फ्लैटों में लगी आग, सारा सामान जलकर राख

गाजियाबाद। वैशाली सेक्टर-छह के डिवाइन वैली सोसाइटी में बुधवार देर रात दो फ्लैटों में भीषण आग लग गई। अग्निशमनकर्मियों ने आग पर काबू पाया। गनीमत रही कि कोई जनहानि नहीं हुई। शॉर्ट सर्किट से आग लगने की बात सामने आ रही है। रसोई गैस सिलिंडर के फटने से पहले उसे सुरक्षित कर लिया गया। सिलिंडर फटता तो बड़ा हादसा हो सकता था।
अग्निशमन विभाग के अनुसार, डिवाइन वैली सोसायटी के भूतल के फ्लैट पर निजी अस्पताल में कार्यरत मनोज चौहान परिवार के साथ रहते हैं। बुधवार रात करीब 10:30 बजे वह ड्यूटी पर थे। उनकी पत्नी बाहर टहल रही थीं। इस दौरान शार्ट सर्किट होने से उनके फ्लैट में आग लग गई।
धुआं निकलता देखकर आसपास के लोगों ने उन्हें इसकी जानकारी दी। अग्निशमन विभाग को भी सूचना दी। देखते-देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। आग की लपटें उनके फ्लैट के ऊपर रहने वाले प्रदीप तिवारी के फ्लैट तक पहुंच गई।
उनकी पत्नी भतीजा और उसकी पत्नी खाना खा रहे थे। सभी फ्लैट से निकलकर बाहर भागे। सोसायटी में अफरा-तफरी मच गई। सूचना पर अग्निशमनकर्मी तीन गाड़ियों के साथ मौके पर पहुंचे। करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
संकरी गली होने से हुई समस्या
गली संकरी होने के कारण के कारण अग्निशमन विभाग की गाड़ियां मौके पर नहीं पहुंच पाईं। करीब सौ मीटर की दूरी पर गाड़ियां खड़ी करके हौज रील की मदद से आग बुझाने की कोशिश शुरू की। दोनों फ्लैटों में धुआं गूंजा था। अग्निशमनकर्मी ब्रीथिंग आपरेट्स सेट पहनकर अंदर गए। खिड़की के शीशे तोड़कर धुआं बाहर निकाला और आग पर काबू किया।
सिलिंडर फटता तो होता बड़ा हादसा
अग्निशमनकर्मियों ने बताया कि मनोज की रसोई में रसोई गैस सिलिंडर रखा था। आग की लपटों की वजह से उसमें दरार आ गई। गैस का रिसाव शुरू हो गया। समय से उसे सुरक्षित तरीके से बाहर निकल लिया गया। थोड़ी देर हो जाती तो सिलिंडर फट जाता। इससे बड़ा हादसा हो जाता।



