दिल्ली में लड़की पर एसिड अटैक, फ्लिपकार्ट से खरीदा था तेजाब

नई दिल्ली। दिल्ली में बुधवार को 17 साल की लड़की पर तेजाब फेंकने के तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में पता चला है कि आरोपियों ने एसिड फ्लिपकार्ट से ऑनलाइन खरीदा था। घटना द्वारका इलाके में सुबह 7:30 बजे हुई। लड़की छोटी बहन के साथ जा रही थी, तभी बाइक पर सवार 2 लोग आए। पीछे बैठे लड़के ने तेजाब फेंक दिया। लड़की को सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उसका चेहरा झुलस गया है। घटना के समय हर्षित अग्रवाल (19) बाइक चला रहा था। पीछे बैठे सचिन अरोरा (20) ने तेजाब फेंका था। तीसरा आरोपी वीरेंद्र सिंह (22) है। वह घटना के वक्त सचिन का स्कूटर और मोबाइल लेकर दूसरी जगह चला गया था ताकि, सचिन की लोकेशन कहीं और शो हो और वारदात में उसका नाम न आए। लड़की के पिता ने मीडिया को बताया कि बेटी की हालत गंभीर है। उन्होंने कहा, ‘मेरी बेटियां आज सुबह एक साथ बाहर निकली थीं। छोटी बेटी भागते हुए घर पर आई और उसने बताया कि 2 लड़के दीदी पर एसिड डालकर चले गए। उनके चेहरे भी ढंके हुए हैं इसलिए कुछ पता नहीं चल पा रहा है। उसकी (पीड़ित) हालत अभी बहुत खराब है, उसकी दोनों आंखों में एसिड चला गया है।’ द्वारका DSP ने बताया- लड़की 8 फीसदी झुलसी है।

राज्य महिला आयोग ने पूछा- क्या किसी में कानून का डर है?
दिल्ली महिला आयोग प्रमुख स्वाति मालीवाल ने इस घटना पर चिंता जताते हुए राज्य सरकार को आड़े हाथों लिया है। उन्होंने घटना का वीडियो शेयर करते हुए पूछा- देश की राजधानी में दिनदहाड़े एक स्कूली बच्ची पर 2 बदमाश दबंगई से तेजाब फेंककर निकल जाते हैं। क्या किसी को भी अब कानून का डर है ? क्यों तेजाब पर बैन नहीं लगाया जाता? शर्म की बात है।
उन्होंने एक और ट्वीट में कहा- एसिड सब्जियों की तरह आसानी से मिल रहा है। सरकार इसकी खुदरा बिक्री पर रोक क्यों नहीं लगा रही। दिल्ली महिला आयोग सालों से इस पर बैन की मांग कर रहा था। सरकारें कब जागेंगी? वहीं राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी मामले की जांच के लिए एक टीम सफदरजंग हॉस्पिटल भेज दी है। वहीं, राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने दिल्ली के पुलिस कमिश्नर को लेटर लिखा है। उन्होंने कहा कि जल्द से जल्द आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की कार्रवाई शुरू करें।




